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आंध्र असेम्बली तारीखी फैसले की ओर

आंध्र प्रदेश असेम्बली ने अलाहिदा रियासत तेलंगाना तश्कील करने के लिए आंध्र प्रदेश तंज़ीम नौ बिल (Restructuring Bill) -2013 पर बहस शुरू करने के साथ ही तारीखी फैसला लेने की सिम्त में कदम बढा दिए हैं। तेलंगाना मुद्दे पर बहस कराए जाने को लेकर रियासत म

आंध्र प्रदेश असेम्बली ने अलाहिदा रियासत तेलंगाना तश्कील करने के लिए आंध्र प्रदेश तंज़ीम नौ बिल (Restructuring Bill) -2013 पर बहस शुरू करने के साथ ही तारीखी फैसला लेने की सिम्त में कदम बढा दिए हैं। तेलंगाना मुद्दे पर बहस कराए जाने को लेकर रियासत में पिछले कई दिनों से चली खींचतान के बाद आखिरकार बुध के रोज़ से इस मुद्दे पर असेम्बली में बहस शुरू की गई।

सदर जम्हूरिया प्रणब मुखर्जी की तरफ से पिछले महीने रियासत कि असेम्बली के ख्याल जानने के लिए भेजे गए आंध्र प्रदेश Restructuring Bill-2013 पर असेम्बली में बहस शुरू होने के साथ ही तेलंगाना और सीमांध्र (रायलसीमा और साहिली आंध्र) के एमएलए के बीच तकरार शुरू हो गई।

यह गैर मुतवक्के बहस 1956 में तेलंगाना और उस वक्त आंध्र (सीमांध्र) को मिलाकर तश्कील किए गए आंध्र प्रदेश की तक्सीम की सिम्त में एक अहम कदम है। हैदराबाद समेत 10 जिलों वाला तेलंगाना तेलुगू ज़ुबान वालो‍ के लिए एक रियासत तश्कील करने के लिए आंध्र प्रदेश में शामिल होने से पहले आज़ाद रियासत के तौर पर अलैहदगी वजूद में थी। आंध्र प्रदेश असेम्बली स्पीकर एन मनोहर ने हालांकि वाजेह किया है कि बहस के बाद ही बिल पर रायशुमारी करवायी जाएगी और बिल की ताइद में अगर अक्सरियत नही हासिल होती है तो इस सिम्त में बडी रुकावट साबित हो सकती है।

बिल को 23 जनवरी को वापस सदर के पास भेजना है। मनोहर ने जुमे के रोज़ को असेम्बली की कार्रवाई 17 जनवरी तक के लिए मुल्तवी कर दी है। असेमब्ली सेशन के आखिरी छह दिनों में अभी और भी हंगामा होने के खदशात है। अहम अपोजिशन पार्टी तेलुगू देशम पार्टी ने बिल पर बहस न होने देने के लिए वाईएसआर कांग्रेस पार्टी के साथ असेम्बली सेशन की कार्रवाई आठ दिनों तक रोक रखी थी। कांग्रेस और टीडीपी में जहां इस मुद्दे पर इख्तेलाफ हैं, वहीं वाईएसआरसीपी पूरी तरह समैक्यांध्र या गैर मुंकसिम आंध्र प्रदेश की ताइद में है। मालूम हो कि वाईएसआरसीपी का तेलंगाना में अभी कोई सियासी बुनियाद नहीं है।

वाईएसआरसीपी ने बिल पर बहस से पहले मरकज़ की हुकूमत से रियासत को गैर मुंकसिम रखने की गुजारिश में असेम्बली की तरफ से एक तजवीज मंज़ूर किए जाने की मांग की। बहस को बिना किसी रुकावट के चलाए जाने के लिए आखिरकार वाईएसआरसीपी के अरकान ए असेम्बली को ऐवान से बर्खास्त कर दिया गया। रियासत की तक्सीम को लेकर तीनों अहन सियासी पार्टी में असेम्बली के अंदर और बाहर दोनों जगह इल्ज़ामात का दौर जारी है।

सीमांध्र के कांग्रेस अरकान असेम्बली का कहना है कि टीडीपी और वाईएसआरसीपी की ताइद पर ही उन्होंने रियासत को तक्सिम किए जाने के फैसले की ताइद की है।

वाईएसआरसीपी ने वहीं टीडीपी और कांग्रेस पर रियासत की तक्सीम करवाने का इल्ज़ाम लगाया है और खुद को समैक्यांध्र की ताइद में खडा रहने वाला एक वाहिद पार्टी होने का दावा किया है। दूसरी तरफ टीडीपी का इल्ज़ाम है कि कांग्रेस तेलंगाना में टीआरएस के साथ और सीमांध्र में वाईएसआरसीपी के साथ मैच फिक्सिंग का खेल खेल रही है।

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