Friday , October 20 2017
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एफ डी आई के ख़िलाफ़ क़रारदाद पेश करने का फ़ैसला

कोलकता, २३ सितंबर (पी टी आई) यू पी ए II हुकूमत की ताईद ( समर्थन) से दसतबरदारी (हट जाने) के दूसरे दिन तृणमूल कांग्रेस ने पार्लीमेंट के आइन्दा सेशन में ग़ैरमुल्की रास्त सरमाया कारी (एफ डी आई) के ख़िलाफ़ क़रारदाद पेश करने का फ़ैसला किया है।

कोलकता, २३ सितंबर (पी टी आई) यू पी ए II हुकूमत की ताईद ( समर्थन) से दसतबरदारी (हट जाने) के दूसरे दिन तृणमूल कांग्रेस ने पार्लीमेंट के आइन्दा सेशन में ग़ैरमुल्की रास्त सरमाया कारी (एफ डी आई) के ख़िलाफ़ क़रारदाद पेश करने का फ़ैसला किया है।

सीनीयर पार्टी लीडर और साबिक़ मिनिस्टर आफ़ स्टेट शहरी तरककियात स्वगता राय ने आज रियास्ती सेक्रेट्रेट में तृणमूल कांग्रेस सरबराह ममता बनर्जी के हमराह साबिक़ मर्कज़ी वुज़रा के इजलास ( सभा/ meeting)) के बाद ये बात कही। इस इजलास में मुकुल राय शरीक नहीं थे।

उन्होंने कहा कि पार्टी अरकान-ए-पार्लीमेंट ( संसद सदस्य) ने 26 सितंबर को दिल्ली में एहतिजाजी मुज़ाहरा करने का भी फ़ैसला किया है। वज़ीर-ए-आज़म मनमोहन सिंह के कल क़ौम ( राष्ट्र) से ख़िताब पर तब्सिरा करते हुए उन्होंने कहा कि ये एक ग़ैर मुतवक़्क़े तक़रीर थी हालाँकि वज़ीर-ए-आज़म आम तौर पर 15 अगस्त या फिर हंगामी हालात में क़ौम (राष्ट्र) से ख़िताब करते हैं।

उन्होंने कहा कि ये तक़रीर किसी को भी मुतास्सिर ( प्रभावित) नहीं कर पाई। इस इजलास (सभा) में तृणमूल कांग्रेस के रुकन पार्लीमेंट ( संसद सदस्य) और साबिक़ वज़ीर रेलवे ( पूर्व रेल मंत्री) दिनेश त्रिवेदी भी शरीक थे जिन्हें रेलवे बजट के वक़्त मुसाफ़िरैन ( यात्रीयों) के किरायों में इज़ाफ़ा की वजह से वज़ारत छोड़ने पर मजबूर किया गया था।

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