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कल जो जादू था आज साईंस है और आज जो जादू है कल साईंस कहलाएगा : पी सी सरकार

नई दिल्ली, 10 मई: ( पी टी आई) हिंदुस्तान के जाने माने जादूगर पी सी सरकार जूनीयर के जादू से हर वो शख़्स वाक़िफ़ होगा जिसे इस फ़न में ज़रा बराबर भी दिलचस्पी हो । ताज महल विक्टोरिया मेमोरियल या फिर मुसाफ़िरों से भरी ट्रेन को ग़ायब कर देना सिर

नई दिल्ली, 10 मई: ( पी टी आई) हिंदुस्तान के जाने माने जादूगर पी सी सरकार जूनीयर के जादू से हर वो शख़्स वाक़िफ़ होगा जिसे इस फ़न में ज़रा बराबर भी दिलचस्पी हो । ताज महल विक्टोरिया मेमोरियल या फिर मुसाफ़िरों से भरी ट्रेन को ग़ायब कर देना सिर्फ़ उनका ही कारनामा हो सकता है ।

हो सकता है कि उन के हाथ का कमाल हो या फिर ऩजरबंदी लेकिन अनोखे करतब दिखाना उन के बाएं हाथ का खेल है । प्रदीप चंद सरकार ( पी सी सरकार) अब दार-उल-ख़लाफ़ा ( राजधानी) में एक माह के तवील अर्सा तक अपने इंद्रजाल प्रोग्राम का इनइक़ाद करेंगे जिसमें इनका साथ देने उनकी बेटी और उनकी साथी जादूगर मेनका उन के साथ होंगी और मौक़ा होगा इंद्रजाल की 100 साला तकमील की जो उनके अफ़सानवी जादूगर वालिद आँजहानी पी सी सरकार ( सीनीयर) से उन्हें विरसा में मिला है ।

पी टी आई को एक इंटरव्यू देते हुए उन्होंने कहा कि ना तो अब ये हाथ का कमाल होगा और ना कोई शेबदा बाज़ी बल्कि जो कुछ भी पेश किया जाएगा वो आर्टस साईंस और नफ़सियात का इमतिज़ाज ( मिला हुआ) होगा । आज हम जिसे साईंस के ज़रीया देखते और महसूस करते हैं कल तक वही जादू कहलाता था और आज जो कुछ भी हम जादू के तौर पर देखते हैं कल वो साईंस बन जाएगा ।

आज की असरी टेक्नोलाजी और एनीमेशन जादू ही तो है । क्या किसी ने 25 साल क़ब्ल इसका तसव्वुर भी किया था ? जो मुनाज़िर हम जादू के ज़रीया या जादूई फिल्मों में देखा करते थे वो आज इंटरनेट पर आम हो चुके हैं क्या ये जादू नहीं है ? अपने 40 साला जादू के तवील करीयर के दौरान सरकार ने कई कमालात और शेबदा बाज़ीयों का मुज़ाहिरा किया है जिन में सबसे ज़्यादा मशहूर तारीख़ी इमारत ताज महल और विक्टोरिया मेमोरियल को ग़ायब कर देता है ।

उन के दीगर कमालात में मुख़्तलिफ़ बेजान अशीया को हरकत करते हुए झुकते हुए या फिर हवा में उड़ते हुए दिखाना भी शामिल है । पानी पर सायकिल चलाने भी उन के अहम जादुओं में शुमार होता है । उन्होंने फ़लसिफ़ियाना अंदाज़ में कहा कि आज हर चीज़ में हम जादू का असर देखते हैं ।

मसलन सचिन तेंदुलकर अगर बेहतरीन क्रिकेट खेलते हुए सेंचरियों का रिकार्ड बनाए तो हम क्रिकेट का जादूगर कहते हैं इसी तरह सिनेमा में बेहतरीन अदाकार तो आप अदाकारी का जादूगर और साथ ही साथ कम्पयूटर के शोबा में महारत रखने वाले को भी कम्प्यूटर विज़ार्ड( जादूगर) कहते हैं ।

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