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जावेद हबीब CRPF जवानों को स्मार्ट बनाएंगे

कहते हैं फ़िल्मी दुनिया की चमक दमक से हर कोई मुतास्सिर (प्रभावित) हुए बगै़र नहीं रह सकता चाहे वो दफ़ातिर( दफ्तर) हो, स्कूल हो, कालेज्स हो या कोई और इदारे (संस्था/ Institute), लेकिन सी आर पी एफ़ जवानों को भी अपने बालों के स्टाईल में तब्दीली की ख़ाह

कहते हैं फ़िल्मी दुनिया की चमक दमक से हर कोई मुतास्सिर (प्रभावित) हुए बगै़र नहीं रह सकता चाहे वो दफ़ातिर( दफ्तर) हो, स्कूल हो, कालेज्स हो या कोई और इदारे (संस्था/ Institute), लेकिन सी आर पी एफ़ जवानों को भी अपने बालों के स्टाईल में तब्दीली की ख़ाहिश पैदा होगी, ये किसी ने सोचा ना होगा।

मशहूर-ओ-मारूफ़ ( प्रसिद्व) हेयर स्टाइलिस्ट जावेद हबीब ने ये बेड़ा उठाया है, जिस के लिए उन्होंने नियम फ़ौजी दस्तों में बतौर हज्जाम ( नाई) ख़िदमात अंजाम देने वालों के लिए एक ख़ुसूसी वर्कशॉप का एहतिमाम (आयोजन) किया है।

6 रोज़ा वर्कशॉप में सी आर पी एफ़ जवानों के लिए बालों के नए स्टाइल को मुतआरिफ़ (परीचित करवाया जायेगा) किया जाएगा जिस का मक़सद ये है कि अरसा-ए-दराज़ से बालों को तराशने का जो दक़यानूसी (बहुत पुराना) सिलसिला चल रहा है, इसे तब्दील किया जाए और नए आलात (उपकरण/औज़ार) का इस्तेमाल किया जाए।

हेयर स्टाइलिस्ट जावेद हबीब ने पी टी आई से गुफ़्तगु (बात चीत )करते हुए ये बात कही। वर्कशॉप के आग़ाज़ (शुरूआत) के लिए सी आर पी एफ़ के स्पेशल डयूटी ग्रुप कैंपस में हाल ही में इसका इफ़्तिताह (उद्वघाटन) भी अंजाम दिया गया। जावेद हबीब का कहना है कि फ़ौज के दीगर ( दूसरे) ज़मरों की तरह सी आर पी एफ़ जवानों का हुलिया भी चमक दमक (ग्लैमर) से आरी ( वंचित) है, लेकिन वो अपनी तकनीक के ज़रीया इनके हुलिया में तब्दीली ज़रूर लायेंगे।

अलबत्ता ये तवक़्क़ो ( उम्मीद) ना रखें कि वो फ़ौजीयों को हुलिया बिगाड़ कर रख देंगे। बुनियादी तौर पर तो फ़ौजी, फ़ौजी ही रहेगा लेकिन इनके हुलिया में नुमायां तब्दीली (काबिले तारीफ तब्दीली/परिवर्तन) महसूस की जाएगी।

ये बात में यक़ीनी तौर पर कह सकता हूँ। उन्होंने कहा कि सी आर पी एफ़ जवान की मौजूदा हेयर किट का नाम कटोरा कट है, लेकिन हम इसे एक नया अंदाज़ देंगे। जावेद हबीब हेयर स्टाइलिंग की दुनिया में एक जाना पहचाना नाम है, जहां कई नामवर हस्तियां उन के ग्राहकों में शामिल हैं।

जावेद हबीब का कहना है कि ये उन के लिए एज़ाज़ (सम्मान/ प्रतिष्ठा/ इज़्ज़त) की बात है कि सी आर पी एफ़ जवानों को स्मार्ट बनाने के लिए इन का इंतिख़ाब ( चयन) किया गया है।

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