Sunday , October 22 2017
Home / Hyderabad News / तब्दीली का मुतालिबा , ज़बरदस्त एहतिजाज का मंसूबा

तब्दीली का मुतालिबा , ज़बरदस्त एहतिजाज का मंसूबा

हैदराबाद18 फरवरी( सियासत न्यूज़): शहर हैदराबाद में रोज़गार के सिलसिला में नक़ल मुक़ाम करते हुए पहुंचने वालों की तादाद में बतदरीज इज़ाफ़ा होता जा रहा है लेकिन इस के बावजूद भी हैदराबाद के चंद बाज़ार ऐसे हैं जो कि इस तरह की किसी भी सरग

हैदराबाद18 फरवरी( सियासत न्यूज़): शहर हैदराबाद में रोज़गार के सिलसिला में नक़ल मुक़ाम करते हुए पहुंचने वालों की तादाद में बतदरीज इज़ाफ़ा होता जा रहा है लेकिन इस के बावजूद भी हैदराबाद के चंद बाज़ार ऐसे हैं जो कि इस तरह की किसी भी सरगर्मीयों से मुतास्सिर नहीं होते बल्कि उन के ये कारोबार साल के 365दिन जारी-ओ-सारी रहते हैं। नक़्ल-ए-मकानी करते हुए हैदराबाद का रुख़ करने वाले बेशतर अफ़राद मुलाज़मत पेशा होते हैं जिन्हें नुक़्सान के बहुत कम आसार का सामना होता है लेकिन हैदराबाद मेट्रो ट्रेन पराजकट हैदराबाद के कई कारोबारी अफ़राद को मुतास्सिर करने की मुहिम में मसरूफ़ है जिस का सुलतान बाज़ार से ताल्लुक़ रखने वाले कारोबारी अफ़राद ज़बरदस्त मुक़ाबला करते हुए पराजकट के नक़्शा में तबदीली का मुतालिबा कर रहे हैं।

हैदराबाद के बेशतर बाज़ार बिलख़सूस सिकंदराबादता चिक्कड़ पली के दरमयान मौजूद बाज़ारों के इलावा सुलतान बाज़ारु दीगर अहम इलाक़ों के क़दीम बाज़ार हैदराबाद मेट्रो ट्रेन की नज़र होजाएंगे इस ख़दशा के तहत कारोबारी अफ़राद में बेचैनी की लहर पाई जाती ही। सुलतान बाज़ार जो कि हैदराबाद के क़दीम बाज़ारों में एक बाज़ार है जहां से हज़ारों लोग रोज़गार हासिल करते हैं।

इस बाज़ार के कारोबारी अफ़राद का दावा है कि अगर हैदराबाद मेट्रो ट्रेन पराजकट अपने नक़्शा में तबदीली नहीं लाता है तो ऐसी सूरत में शहर हैदराबाद में हज़ारों लोग बेरोज़गार हो जाएंगे चूँकि इस बाज़ार से कई ख़ानदान वाबस्ता हैं। मुक़ामी ताजरीन का कहना है कि इस सिलसिला में हुकूमत के इलावा सयासी जमातों और पराजकट ओहदेदारों से बारहा नुमाइंदगी की जा चुकी है लेकिन इस के बावजूद भी ताहाल हैदराबाद मेट्रो ट्रेन पराजकट की जानिब से कोई वाज़िह तीक़न नहीं दिया गया ही।

सुलतान बाज़ार के ताजरीन ने बतायाकि अगर अवामी सहूलत की बुनियाद पर उन की जायदादें हासिल की जाती हैं या कारोबार मुतास्सिर किए जाते हैं तो वो हुकूमत से इस बात का इस्तिफ़सार ज़रूर करेंगे कि आया क्या वो अवाम का हिस्सा नहीं हैं जिन के तिजारती इदारों को मुतास्सिर करते हुए अवाम की सहूलत का नारा लगाया जा रहा है।

हैदराबाद मेट्रो ट्रेन जोकि ईसा मियां बाज़ार, सुलतान बाज़ार से गुज़रने वाली है अगर इस पराजकट में तबदीली नहीं की जाती है तो ऐसी सूरत में इलाक़ा के सैंकड़ों ताजरीन मुतास्सिर होने के क़वी इमकानात हैं। हैदराबाद मेट्रो रेल पराजकट के ओहदेदार जब कभी ज़राए इबलाग़ के नुमाइंदों से मुलाक़ात करते हैं तो वो इस सवाल को बाआसानी टालते हुए ये कहते हैं कि वो इस सिलसिला में अभी कोई फ़ैसला करने से क़ासिर हैं।

हैदराबाद मेट्रो ट्रेन पराजकट के ओहदेदारों की जानिब से सुलतान बाज़ार के मसला को ऐच ऐम आर के तामीराती कामों के आग़ाज़ से ही टाला जा रहा है लेकिन ऐसा महसूस होता है कि हैदराबाद मेट्रो ट्रेन पराजकट के ओहदेदार सुलतान बाज़ार के ताजरीन को मज़ीद इस मसला पर टाल मटोल से काम नहीं ले सकेंगे क्योंकि ताजरीन बड़े पैमाने पर जद्द-ओ-जहद और एहतिजाज मुनज़्ज़म करने की मंसूबा बंदी में मसरूफ़ हैं। मुक़ामी ताजरीन को ना सिर्फ़ सयासी जमातों की हिमायत हासिल है

TOPPOPULARRECENT