Friday , October 20 2017
Home / Hyderabad News / तेलंगाना के 7 मंडलों के आंध्र में इंज़िमाम का बिल पार्लियामेंट में मंज़ूर

तेलंगाना के 7 मंडलों के आंध्र में इंज़िमाम का बिल पार्लियामेंट में मंज़ूर

पोलावरम प्रोजेक्ट की तामीर के लिए खम्मम ज़िला के 7 मंडलों को आंध्र प्रदेश में ज़म करते हुए पार्लियामेंट में बिल की मंज़ूरी के ख़िलाफ़ तेलंगाना की तमाम जमातों ने 12 जुलाई को खम्मम बंद का एलान किया है।

पोलावरम प्रोजेक्ट की तामीर के लिए खम्मम ज़िला के 7 मंडलों को आंध्र प्रदेश में ज़म करते हुए पार्लियामेंट में बिल की मंज़ूरी के ख़िलाफ़ तेलंगाना की तमाम जमातों ने 12 जुलाई को खम्मम बंद का एलान किया है।

वाज़िह रहे कि मर्कज़ी हुकूमत ने तेलंगाना के सात मंडलों को आंध्र प्रदेश में ज़म करने के लिए आर्डीनेंस जारी किया था, उसे बिल की शक्ल देते हुए लोक सभा में पेश किया गया जहां टी आर एस और दुसरे जमातों के एहतेजाज के बावजूद बिल को मंज़ूरी दे दी गई।

तेलंगाना से ताल्लुक़ रखने वाली तमाम सियासी जमातों के अलावा तेलंगाना पोलटीकल जवाइंट एक्शण कमेटी ने भी तेलंगाना के इलाक़ों के आंध्र प्रदेश में इंज़िमाम की मुख़ालिफ़त की थी लेकिन मर्कज़ी हुकूमत ने तेलंगाना हुकूमत के एतेराज़ात को भी बे ख़ातिर करते हुए पार्लियामेंट में बिल को मंज़ूरी दे दी।

मर्कज़ की तरफ से सात मंडलों के इंज़िमाम के फ़ैसले के बाद से खम्मम के कबायली इलाक़ों में एहतेजाज का आग़ाज़ होचुका है। इसी दौरान टी आर एस के अरकान-ए-पार्लियामेंट विनोद कुमार और जितेन्द्र रेड्डी ने पोलावरम प्रोजेक्ट के लिए तेलंगाना के साथ की गई नाइंसाफ़ीयों पर शदीद रद्द-ए-अमल का इज़हार किया।

उन्होंने इल्ज़ाम आइद किया कि टी आर एस, बी जे डी और दुसरे जमातों के एहतेजाज के बावजूद पार्लियामेंट में बिल को मंज़ूरी दे दी गई और स्पीकर ने अप्पोज़ीशन के एतेराज़ात की परवाह किए बगै़र यकतरफ़ा रवैय्या इख़तियार किया।

उन्होंने इल्ज़ाम आइद किया कि पोलावरम बिल की मंज़ूरी के पसेपर्दा चीफ़ मिनिस्टर आंध्र प्रदेश चंद्रबाबू नायडू कारफ़रमा हैं जिन्होंने मर्कज़ पर अपना असर-ओ-रसूख़ इस्तेमाल करते हुए बिल की मंज़ूरी को यक़ीनी बनाया।

जितेन्द्र रेड्डी ने सवाल किया कि क्या मर्कज़ में मोदी सरकार है या फिर चंद्रबाबू नायडू हुकूमत चला रहे हैं। उन्होंने कहा कि जिस अंदाज़ में मर्कज़ी हुकूमत चंद्रबाबू नायडू के इशारों पर काम कररही है अवाम को शुबा होरहा हैके मर्कज़ में आख़िर किस पार्टी की हुकूमत है।

उन्होंने कहा कि जिन सात मंडलों को आंध्र प्रदेश में ज़म किया जा रहा है वहां के अवाम की राय हासिल किए बगै़र फ़ैसले को उन पर मुसल्लत किया गया। इन सात मंडलों के हज़ारों ख़ानदान चाहते हैं कि वो तेलंगाना का हिस्सा बरक़रार रहें, लेकिन मर्कज़ी हुकूमत ने
चंद्रबाबू नायडू के दबाव‌ के तहत अवामी जज़बात को नजरअंदाज़ कर दिया। टी आर एस अरकाने पार्लियामेंट ने कहा कि उनकी पार्टी पोलावरम प्रोजेक्ट की तामीर के ख़िलाफ़ नहीं ताहम इस का मुतालिबा है कि प्रोजेक्ट के डिज़ाइन में तबदीली करते हुए ज़ेर-ए-आब आने वाले इन सात मंडलों का तहफ़्फ़ुज़ किया जाये जो तेलंगाना का हिस्सा हैं। अरकाने पार्लियामेंट ने कहा कि पार्लियामेंट में बिल की मंज़ूरी के बावजूद टी आर एस अपनी जद्द-ओ-जहद जारी रखेगी और इस मसले को अदालत से रुजू किया जाएगा।रुकने पार्लियामेंट विनोद कुमार ने पोलावरम बिल की मंज़ूरी को ग़ैर दस्तूरी क़रार दिया। उन्होंने कहा कि 01 मार्च को तेलंगाना रियासत की तशकील का फ़ैसला किया गया और 29 मई को मर्कज़ी हुकूमत ने खम्मम के इलाक़ों की आंध्र में मुंतक़ली का आर्डीनेंस जारी किया।

दस्तूर की दफ़ा 3 के मुताबिक़ रियासतों की सरहदों की तबदीली के लिए दोनों रियासतों की रजामंदी ज़रूरी है लेकिन मर्कज़ी हुकूमत ने इस मुआमले में क़वाइद की पाबंदी नहीं की। कांग्रेस, सी पी आई, सी पी एम और दुसरे जमातों ने भी खम्मम बंद की ताईद का एलान किया है।

TOPPOPULARRECENT