Saturday , August 19 2017
Home / Delhi / Mumbai / दिल्ली में स्कूल्स एक सप्ताह के लिए बंद

दिल्ली में स्कूल्स एक सप्ताह के लिए बंद

नई दिल्ली: राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में प्रदूषण की अत्यधिक भ्रमित स्थिति के मद्देनजर साउथ निगम के तहत लगभग 580 स्कूल्स पूरा एक सप्ताह बंद रहेंगे जबकि उत्तरी और पूर्वी बलदी संस्थाओं के तहत स्कूल्स को बुधवार तक बंद रखा गया है। दिल्ली के तीन नगर निगम के तहत चलाए जा रहे 17 हजार से अधिक स्कूल्स गर्मागर्म कहर की वजह से शनिवार को भी बंद रहेगा। प्रदूषण के कारण अस्थमा, एलर्जी और सांस लेने में कठिनाई जैसी शिकायतें आम हो गई हैं। डॉक्टर्स ने विशेषकर बच्चों और बुजुर्ग लोगों की विशेष देखभाल पर जोर दिया है। एमसीडी के तहत सभी प्राथमिक स्कूल्स हैं और यह सुबह और शाम की पाली में चलाए जाते हैं। तीन कोर्पोरेशनस के तहत इन स्कूल्स में लगभग 10 लाख छात्रों के नाम दर्ज हैं।

दिल्ली सरकार ने कल ही यह घोषणा की थी कि सभी स्कूल्स 9 नवंबर तक बंद रहेंगे। एसडीएम सी के प्रवक्ता ने बताया कि शहर में प्रदूषण की मौजूदा स्थिति को देखते हुए हम 12 नवंबर तक विस्तार का फैसला किया है। चूंकि इस प्राथमिक स्कूल्स हैं और सुबह के समय धुंध बहुत अधिक है इसलिए हमने यह फैसला किया है। दक्षिण दिल्ली में सिरी फोर्ट और पूर्वी दिल्ली में आनंद विहार वे क्षेत्र हैं जहां प्रदूषण की दर सबसे अधिक दर्ज की गई। नाथ दिल्ली के मेयर संजीव नैयर ने बताया कि हम सभी स्कूल्स को 9 नवंबर तक बंद रखने का आदेश दिया था। स्थिति का जायजा लेने के बाद इस बारे में कोई फैसला किया जाएगा।

एस जी एम सी रेडियो पर भी अभियान शुरू किया है ताकि जनता को प्रदूषण से संबंधित समस्याओं से अवगत कराया जा सके। दिल्ली में इस समय 17 साल में अब तक का सबसे खराब प्रदूषण देखी जा रही है। दिल्ली सरकार और केंद्र ने स्थिति पर काबू पाने के लिए तत्काल कदम शुरू किए हैं। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कल कई आपात प्रकृति के उपायों की घोषणा की थी, जिनमें निर्माण और विध्वंस गतिविधियों पर रोक के अलावा दक्षिण दिल्ली में बदरा जयपुर बिजली संयंत्र को अस्थायी रूप से बंद करना शामिल हैं। संजीव नैयर ने कहा कि डीजल जनरीटरस का उपयोग बंद कर दिया जाना चाहिए। निर्माण गतिविधियों पर तत्काल रोक लगाने और पत्ते जलाने पर भी तुरन्त रोक चाहिए। उन्होंने कहा कि वर्तमान स्थिति में बच्चों के स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखने की जरूरत है। दिल्ली में प्रदूषण की इस बदतर स्थिति से निपटने के लिए कृत्रिम बारिश की भी सुझाव दिया गया है।

TOPPOPULARRECENT