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नाअत-एशरीफ़ मुक़ाबला की इनामी रक़म को हुसूले तालीम के लिए इस्तेमाल करने का मश्वरा

हैदराबाद 18 फ़रवरी (सियासत न्यूज़) नाअत-ए-शरीफ़ के मुक़ाबलों से जो रक़म बतौर इनाम हासिल हो रही है उस का सही मसरफ़(खर्च) हुसूले तालीम के लिए किया जाए, इस का ग़लत इस्तेमाल ना करें। पुलिस एक्शन के बाद मुसलमानों की जो अबतर हालत थी उस को ता

हैदराबाद 18 फ़रवरी (सियासत न्यूज़) नाअत-ए-शरीफ़ के मुक़ाबलों से जो रक़म बतौर इनाम हासिल हो रही है उस का सही मसरफ़(खर्च) हुसूले तालीम के लिए किया जाए, इस का ग़लत इस्तेमाल ना करें। पुलिस एक्शन के बाद मुसलमानों की जो अबतर हालत थी उस को तालीमी तरक़्क़ी के ज़रीए सुधारा गया।

तालीमी काविशों की ये भी एक कड़ी है जो इदारा सियासत के तहत आबिद अली ख़ांन नाअत-एशरीफ़ मुक़ाबले रखे गए। इन ख़्यालात का इज़हार जनाब ज़ाहिद अली ख़ांन एडीटर सियासत ने यहां तक़सीम इनामात के मौक़ा पर महबूब हुसैन जिगर हाल में किया और कहा कि इनामात की रक़म को तीन गुना बढ़ाया गया और आइन्दा ऐसे मुक़ाबलाजात में भी इज़ाफ़ा किया जाएगा।

इनाम याफ्तगान को मुबारकबाद देते हुए उन्हों ने कहा कि वो क़सीदा बुर्दा शरीफ़ अरबी में पढ़े हैं अगर कोई इस का उर्दू में तर्जुमा पेश करें तो इदारा सियासत उसको शाए कर के मुफ़्त तक़सीम करेगा। उन्हों ने तलबा और तालिबात के जोशो ख़रोश की सताइश की।

डाक्टर मुस्तफा शरीफ़ सदर शोबा अरबी सैफाबाद कॉलेज ने नाअत के हवाला से बताया कि नाअत दरअसल इबादत है। नाअत का पढ़ना, सुनना, लिखना सब इबादत में शामिल है।

इनाम याफ्तगान में जूनियर कॉलेज ग्रुप लड़कों में पहला मुक़ाम अबदुल हलीम शफ़ग़ान, दूसरा इनाम मुहम्मद मुकर्रम उद्दीन, तीसरा मुहम्मद मदनी और सात तरग़ीबी इनामात। लड़कीयों में रदीहा इनाम अव्वल, सैयदा अमरीन फ़ातिमा और शाहाना असग़र इनाम दुवम, तीसरा मुक़ाम चार तालिबात मुहम्मदी बेगम, आईशा सुलताना, निकहत ज़रीन, इरफाना बेगम को और सात तरग़ीबी इनामात दिए गए।

डिग्री कॉलेज ग्रुप में मुहम्मद जावेद अख्तर निज़ामी इनाम अव्वल, तलहा बिन सालेह ज़बीह इनाम दुवम, मुहम्मद शोएब अहमद इनाम सोम और सात तरग़ीबी इनामात डिग्री कॉलेज ख़ातून ज़मुरा में रेशमां रिफ़अत इनाम अव्वल और नाइला जहां और सारा ख़ातून इनाम दुवम, रोमाना तनवीर सनआ अफ़्सरी तीसरा मुक़ाम मिला।

सात तरग़ीबी इनामात दिए गए। दीनी मदारिस ग्रुप लड़कों में इनाम अव्वल हमद शादाब ज़फ़र, सैयद फ़ारूक़ अहमद को इनाम दुवम और इनाम सोम सैयद अनीस अहमद अल महद अलदीनी अल अरबी को हासिल हुआ। सात तरग़ीबी इनामात दिए गए। दीनी मदारिस ग्रुप लड़कीयों में इनाम अव्वल नाज़ मुहम्मदी, इनाम दुवम सैयदा ज़रीना फ़ातिमा, तीसरा मुक़ाम नेहा फ़ातिमा ने हासिल किया

और सात तरग़ीबी इनामात दिए गए। इस तरह 6 ग्रुप में 26 तलब और तालिबात में दो लाख 70 हज़ार रुपये के नक़द इनामात दिए गए। जूनियर कॉलेज ग्रुप में लड़के – लड़कीयों के लिए 10 , 10 इनामात, डिग्री कॉलेज ग्रुप में दस, दस इनामात और दीनी मदारिस ग्रुप में लड़के – लड़कीयों के लिए अलग अलग इनामात दिए गए।

इस तरह छः ग्रुप में मुनाक़िदा इन मुक़ाबलाजात में एक लाख 80 हज़ार रुपये की रक़म मुसावी मुक़ाम पाने पर बढ़ाकर दो लाख दस हज़ार नक़द इनामात अता किए गए। इनाम अव्वल की रक़म 15 हज़ार रुपये, इनाम दुवम दस हज़ार रुपये और इनाम सोम 5 हज़ार रुपये और तरग़ीबी इनामात एक हज़ार फीकस अता किए गए।

जुमला 26 इनाम याफ्तगान में 2 लाख 70 हज़ार रुपये की रक़म दी गई। मुसावी मुक़ाम मिलने पर दोनों को मसावी इनाम दिया गया। इस तक़रीब का आग़ाज़ हाफ़िज़ व क़ारी मुहम्मद आसिफ़ उद्दीन की क़ेराअत से हुआ।

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