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नेहरू ने पटेल को कट्टर फ़िर्कापरस्त कहा था : अडवानी

बी जे पी ने आज सरदार वल्लभ भाई पटेल की शख़्सियत पर एक और तनाज़ा खड़ा कर दिया जहां पार्टी के सीनियर क़ाइद एल के अडवानी ने एक किताब का हवाला देते हुए कहा कि उस वक़्त के वज़ीर-ए-आज़म जवाहर लाल नहरू ने अपने वज़ीर-ए-दाख़िला को उस वक़्त एक कट्टर फ़िर

बी जे पी ने आज सरदार वल्लभ भाई पटेल की शख़्सियत पर एक और तनाज़ा खड़ा कर दिया जहां पार्टी के सीनियर क़ाइद एल के अडवानी ने एक किताब का हवाला देते हुए कहा कि उस वक़्त के वज़ीर-ए-आज़म जवाहर लाल नहरू ने अपने वज़ीर-ए-दाख़िला को उस वक़्त एक कट्टर फ़िर्कापरस्त शख़्सियत क़रार दिया था जब वल्लभ भाई पटेल ने माबाद आज़ादी रियासत हैदराबाद के मुत्तहदा हिंद के साथ अल-हाक़ के लिए फ़ौजकशी करने का मश्वरा दिया था।

अपने ब्लॉग पर अडवानी ने दी स्टोरयाफ़ एन ईरा टोलड विथ आउट इलोल का तज़किरा किया है जो एम के के नायर की तस्नीफ़ करदा है जिस में रियासत हैदराबाद से मुताल्लिक़ जवाहर लाल नेहरू और वल्लभ भाई पटेल के दरमयान सख़्त अल्फ़ाज़ में बहस-ओ-तकरार हुई थी।

निज़ाम हैदराबाद जो पाकिस्तान के साथ अल-हाक़ करना चाहते थे। उन्होंने पड़ोसी मुल्क को अपना एक क़ासिद रवाना किया था और साथ ही साथ एक ख़तीर रक़म भी वहां मुंतक़िल की थी। किताब के मुताबिक़ निज़ाम हैदराबाद के ओहदेदारान मुक़ामी अवाम पर ज़ुल्म-ओ-सितम ढाया करते थे।

काबीनी इजलास में वल्लभ भाई पटेल ने उन सब बातों को दुहराते हुए कहा कि अगर हैदराबाद को मुत्तहदा हिंद में शामिल करना है तो इस केलिए फ़ौजी कार्रवाई करनी पड़ेगी ताकि हैदराबाद में ज़ुल्म-ओ-दहश्त की हुकूमत का ख़ात्मा होजाए। दूसरी तरफ़ नेहरू इंतिहाई नरम गुफ़तार और पुरअमन अंदाज़ में बात करते हुए हमेशा बैनुल-अक़वामी आदाब को मल्हूज़ रखा करते थे, ने पटेल से कहा कि वो (पटेल) एक फ़िर्कापरस्त शख़्स हैं और वो कभी भी उनकी तजवीज़ पर अमल नहीं करेंगे।

अडवानी ने एक बार फिर उसी किताब का हवाला देते हुए कहा कि उस वक़्त पटेल अपने काग़ज़ात के साथ वहां से चले गए। यहां इस बात का तज़किरा भी ज़रूरी है कि हालिया दिनों में बी जे पी वल्लभ भाई पटेल को हिंदूतवा नज़रिया से क़रीबतर होने का दावा करते हुए उन्हें एक हिंदुतवा क़ाइद तस्लीम करवाने कोशां है।

31 अक्टूबर को सरदार पटेल को 138 वीं यौम-ए-पैदाइश के मौक़ा पर दुनिया के बुलंद तरीन मुजस्समा का (जो यक़ीनन वल्लभ भाई पटेल का था) की निक़ाब कुशाई करते हुए आँजहानी क़ाइद की ज़बर्दस्त सताइश की थी। नरेंद्र मोदीने भी वल्लभ भाई पटेल की सताइश करते हुए कहा था कि हिंदुस्तान को आज उनके (पटेल) जैसे सेकूलर लीडर की ज़रूरत है ताकि वोट बैंक सेकूलर की दहाई देने वाले क़ाइदीन की। मोदी और अडवानी दोनों ही ख़ुद को पटेल का जांनशीन तसव्वुर करते हैं।

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