Saturday , October 21 2017
Home / Khaas Khabar / नोटबंदी का असर: उपचुनावों में भाजपा करारी हार की तरफ़

नोटबंदी का असर: उपचुनावों में भाजपा करारी हार की तरफ़

नई दिल्ल्ली: नोट बंदी का असर चुनाव पर भी रहा सात राज्योंज की चार लोकसभा और आठ विधानसभा सीटों पर हुए उपचुनाव से भाजपा के लिए अच्छी खबर नहीं आई।

Facebook पे हमारे पेज को लाइक करने के लिए क्लिक करिये

जनसत्ता की खबरों के अनुसार आठ विधानसभा सीटों में से भाजपा को केवल एक सीट नेपानगर (मध्य प्रदेश) में जीत मिली है। इसके अलावा बाकी सभी सीटों पर भाजपा के विरोधी दलों ने बाजी मारी है। भाजपा को उम्मीीद थी कि बंगाल और त्रिपुरा में उसे फायदा हो सकता है। लेकिन ऐसा हुआ नहीं। त्रिपुरा में हालांकि भाजपा दूसरे पायदान पर रही है। लेकिन लेफ्ट के गढ़ में सेंध लगाना उसके लिए अभी भी बड़ी चुनौती है। यहां कई साल से सीपीएम सत्ता में है। त्रिपुरा में भाजपा ने कई क्षेत्रीय दलों से गठजोड़ भी किया था।
बंगाल की एकमात्र सीट पर तृणमूल कांग्रेस, तमिलनाडु में अन्ना द्रमुक, पुदुचेरी में कांग्रेस और त्रिपुरा में सीपीएम के हाथ बाजी लगी। सीपीएम ने खरजला और खोवाई दोनों सीटें जीत ली।
वहीं बंगाल में ममता बनर्जी का जादू चल रहा है। उनकी पार्टी दोनों लोकसभा सीटों (कूचबिहार, तामलुक) पर बड़ी बढ़त बनाए हुए है। यहां पर एक विधानसभा सीट पर भी तृणमूल कांग्रेस आगे है। तमिलनाडु की अरवाकुरुचि और तिरुपरनकुंद्रम विधानसभा सीट जयललिता के खाते में है।

इन उपचुनावों के नतीजों को केंद्र सरकार के नोटबंदी के कदम पर जनता की राय के रूप में भी देखा जा रहा है। अगले साल देश के पांच राज्यों उत्तटर प्रदेश, गुजरात, पंजाब, उत्त राखंड और गोवा में चुनाव होने हैं। इनमें से तीन गुजरात, गोवा और पंजाब में भाजपा सत्ता में है।

TOPPOPULARRECENT