Friday , September 22 2017
Home / Bihar News / बांग्लादेश का खालिद बिहार के एजेंटों के राब्ते में

बांग्लादेश का खालिद बिहार के एजेंटों के राब्ते में

पटना : बांग्लादेशी मो.अब्दुल मन्नान की गिरफ्तारी से बिहार के पासपोर्ट एजेंटों के बांग्लादेश कनेक्शन का खुलासा हुआ है। यह कामयाबी इस कनेक्शन व नेटवर्क को तोड़ सकती है। क्योंकि सिर्फ मन्नान ही नहीं 8-10 और बांग्लादेशियों से एजेंट नूर मोहम्मद राब्ते में था। सभी का पासपोर्ट बिहार में बनाकर बैरून मुल्क भेजने की तैयारी थी।

बांग्लादेश के नवागांव जिले अतरई थाना के कालोपरा अरसेन गांव का रहने वाला 34 साला मन्नान ने अपने गांव के ‘खालिद’ से राब्ता किया था। खालिद बांग्लादेशियों को भारत के रास्ते बैरून मुल्क भिजवाने का काम करता है। उसी ने बिहार में नूर मोहम्मद से राब्ता किया था। मन्नान का पासपोर्ट व वीजा बनाने की बात 30 हजार रुपए में तय हुई थी। बांग्लादेश से मन्नान कानूनी पासपोर्ट व वीजा लेकर कोलकाता आया था। यहां उसकी मुलाकात नूर मोहम्मद से हुई।
कोलकाता से मन्नान पटना की फ्लाइट लेकर पटना एयरपोर्ट में उतरा। जहां से वह नूर के साथ टैक्सी में नवादा पहुंचा। यहां नूर ने मन्नान को चार दिनों तक एक नामालुम जगह पर रखा। उसे बाहर निकलने की इजाजत नहीं थी। नवादा से फिर उसे पटना लाया गया।

बांग्लादेशी मन्नान के पास से पटना जंक्शन, महावीर मंदिर, बुद्धा स्मृति पार्क जैसे मुकामात की तस्वीर मिलने से खुफिया एजेंसियों के कान खड़े हो गए हैं। ऐसे वक्त उसे पुलिस ने गिरफ्तार किया है जब पटना में सीरियल ब्लास्ट समेत धमाके खेज़ अलात के तकरीबन आधा दर्जन धमकी भरे कॉल व एसएमएस आ चुके हैं। जो तस्वीरें मिलीं और जहां विस्फोट की धमकी मिली है पठानकोट की वारदात के बाद उसकी गिरफ्तारी को अहम माना जा रहा है।

बांग्लादेशी नौजवान से 90 हजार से एक लाख रुपए लेने के बाद उसे पासपोर्ट बनवाकर भारत की शहरी देने का खेल बड़े पैमाने पर चल रहा है। इस गोरखधंधे में बिहार के नवादा, नालंदा से लेकर बंगाल और नेपाल की सरहद के लोग भी शामिल हैं। इन दिनों कोलकाता का नूर मोहम्मद गिरोह इस खेल में शामिल है। इस गिरोह से बिहार के लोग जुड़े हैं।
बंगाल सरहद से किसी तरह बांग्लादेश के नौजवानों को भारत लाया जाता है। उसे कोलकाता में रखा जाता है। उसके बाद पटना व कोलकाता से इन मुश्तबा का पासपोर्ट बनवाया जाता है। गुजिश्ता साल पटना पासपोर्ट दफ्तर इसी तरह के तीन मुश्तबा को पकड़ा गया था, जो अभी जेल में हैं। जुमेरात को पासपोर्ट दफ्तर के मुलाज़िमीन ने 32 साला बांग्लादेशी मुश्तबा अब्दुल मन्नान को पकड़कर आईबी के हवाले कर दिया गया।
आईबी ने पूछताछ के बाद जुमा को पटना पुलिस को सौंप दिया। पुलिसिया पूछताछ में ही पता चला कि बिहार व बंगाल का गिरोह 90 हजार से एक लाख लेकर पासपोर्ट बनवाता है। मन्नान बांग्लादेश के नावागांव के कालोपारा गांव का है। उसके पास से नवादा का आधार कार्ड, शिनाख्त कार्ड अौर वहीं के बैंक का खाता भी पुलिस ने बरामद किया है। नालंदा के पैदाईश सर्टिफिकेट के साथ ही दिल्ली के एक स्कूल का प्लस टू का सर्टिफिकेट भी मिला है। पुलिस इन तमाम दस्तावेजों की बारीकी से तफ्तीश करने में जुटी है। एसएसपी मनु महाराज ने बताया कि पुलिस जांच करने के लिए कोलकाता, नवादा और नालंदा जाएगी।

 

 

TOPPOPULARRECENT