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बिहार: आर्थिक तंगी से परेशान युवक ने की आत्महत्या, सुपुर्द-ए-खाक के लिए पत्नी को मांगनी पड़ी भीख

भागलपुर। आर्थिक तंगी की वजह से युवक ने खुद को फांसी लगा ली। 25 वर्षीय नौरेज उफै जुम्मन ने आर्थिक तंगी की वजह से बुधवार को सुबह लगभग साढ़े दस बजे फंदे से लटक कर जान दे दी। जुम्मन और मौलानाचक की ही रहनेवाली हेना तबस्सुम का निकाह महज तीन महीने पहले हुआ था। दो महीने की गर्भवती हेना के पास अपने शौहर को सुपुर्द-ए-खाक करने के लिए भी पैसे नहीं थे। उसने अपनी झोली फैलायी और जुम्मन की आत्महत्या की खबर सुन कर वहां इकट्ठा हुए लोगों के बीच पहुंच मदद मांगने को मजबूर हो गयी।

लोगों ने उसकी मदद के लिए उसे पैसे दिये। जुम्मन की आत्महत्या की सूचना मिलने पर मोजाहिदपुर पुलिस मौके पर पहुंची और उसके शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। युवक कढ़ाई का काम करता था जो पिछले कुछ महीनों से वह बेरोजगार था। हेना से निकाह होने से पहले वह मुंबई जाकर काम करता था। निकाह के बाद भी वह मुंबई गया पर एक हफ्ते में ही लौट आया। यहां लौटने के बाद उसके पास काम की कमी हो गयी. हेना ने बताया कि पिछले लगभग ढ़ाई महीने में उसे तीन बार काम के पैसे मिले जो 200, 400 और 500 रुपये थे।

जुम्मन की पत्नी हेना का कहना है कि उसके गर्भवती होने की वजह से डॉक्टर का खर्च भी बढ़ गया था। इन वजहाें से जुम्मन परेशान रहा करता था। हेना के सामने एक बड़ा सवाल यह भी है कि उसके गर्भ में पल रहे बच्चे को वह कैसे पालेगी।

जुम्मन और उसके पिता ने मौलानाचक में ही किराये पर एक मकान ले रखा था। आर्थिक तंगी की वजह से जुम्मन पास में ही अपने ससुराल में रहा करता था। बुधवार को अपने ससुराल में ही था। सुबह करीब दस बजे जुम्मन ने अपने पिता से किराये के कमरे की चाबी ली और वहां चला गया। लगभग दो घंटे तक वह बाहर नहीं निकला तो उसके पिता मो रकीम ने कमरे का दरवाजा खटखटाया। दरवाजा नहीं खुलने पर उसने खिड़की से अंदर झांका तो बेटा पंखे में लगे दुपट्टे के फंदे से लटकता दिखा।

उसके बाद दरवाजा तोड़ लोग अंदर गये पर तब तक जुम्मन इस दुनिया को छोड़ चुका था। जुम्मन के पिता मो रकीम का कहना है कि उसकी पत्नी उससे पैसे मांगती थी जिसे वह पूरा नहीं कर पाता था। इस वजह से वह परेशान रहा करता था। जुम्मन के बुजुर्ग पिता मो रकीम का बुढ़ापा अब कैसे बीतेगा इसकी चिंता आस-पास के लोगों को भी है। मोहम्मद रकीम के सिर्फ दो बच्चे थे। एक बेटी है जिसकी शादी हो चुकी है। उसके बाद एक जुम्मन ही सहारा था। उम्र ज्यादा होने की वजह से मोहम्मद रकीम अब कुछ काम कर सकने में असमर्थ हैं।

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