Wednesday , September 27 2017
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भाजपा के इलेक्शन में RSS का हंगामा, मारपीट

जमशेदपुर : भाजपा के जमशेदपुर महानगर सदर का इलेक्शन हंगामे और मारपीट की वजह से सालों याद रखा जाएगा। खुद को अनुशासित मानने वाली पार्टी भाजपा और उसके तंज़ीम आरएसएस के दरमियान रिश्ता भी तार-तार होता दिखा। सनीचर दोपहर को इसका गवाह बना बिष्टूपुर का तुलसी भवन। पहली बार आरएसएस के कार्कुनान ने भाजपा के इलेक्शन को रुकवाने के लिए सीधे दखल दिया। जब अमल नहीं रुकी, तो उन्होंने पुलिस और मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में ऐसा फसाद मचाया कि तुलसी भवन जंग का मैदान बन गया। इसमें भाजपा की रियासती वोर्किंग कमेटी मेंबर कल्याणी शरण समेत कई कार्कुनान को चोटें आईं। हालांकि, यह भी सच है कि बाद में भाजपाइयों ने दो-तीन कथित आरएसएस कर्कुनान को जमकर पीटा। मगर इसके वजह से वहां का माहौल काफी कशीदगी बनी हई है.

तकरीबन 15-20 आरएसएस कार्कुनान ने करीब डेढ़ बजे अचानक तुलसी भवन में घुसकर यह सवाल उठाया कि बिना आरएसएस से पूछे इन्तिखाब कैसे कराया जा रहा है। इसके बाद उन्होंने भारत माता की जय के नारे लगाए और करीब छह-छह फुट के बांस के टुकड़ों से दनादन कुर्सी, टेबल और खिड़की व दरवाजे के शीशे पर हमला शुरू कर दिया। भाजपा कार्कुनन हक्के-बक्के रह गए। एक-दो फ़सादियों ने मंच पर चढ़कर इलेक्शन इंचार्ज प्रदीप वर्मा को भी घसीटने की कोशिश किया। मगर दूसरे कार्कुनान के मुदाखिलत की वजह से वे इसमें कामयाब नहीं हो सके।

इसका परिणाम यह हुआ कि बिना इलेक्शन कराए इंचार्ज प्रदीप वर्मा, एमएलए शिवशंकर उरांव एवं गुरबिन्दर सिंह सेठी वापस लौट गए। इससे पहले इन तीनों को भाजपा कार्कुनान ने तुलसी भवन से बाहर निकाला और कार में बैठाकर पारडीह के एक होटल में ले गए। रायशुमारी शुरू होने के बाद कुछ गैर समाजी अनासिर ने हॉल में घुसकर फसाद करने की कोशिश की। हालांकि, फ़सादियों की पहचान नहीं हो सकी। मगर इस वाकिया की वजह से इलेक्शन अमल मुअत्तिल कर दी गई है। बाद में रायशुमारी की तारीख की एलान की जाएगी।

आरएसएस के भाजपा से जुड़े कुछ कार्कुनान और सदर ओहदे के कई दावेदारों ने यह शिकायत की थी कि इन्तिखाब में पैसे का खेल हो रहा है। उन्होंने यह जानने की कोशिश किया कि क्या संघ से इन्तिखाब के सिलसिले में मशवरा किया गया है। मगर जब उन्हें यह जानकारी मिली कि इंचार्ज ने मशवरा नहीं किया है तो उन्होंने इन्तिखाब रुकवाने की कोशिश किया। हालांकि, मैं जाए हादसा पर नहीं गया था। आलोक पाठक, संघ के महानगर इंचार्ज

 

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