Wednesday , September 20 2017
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मलेशियाई यूनिवर्सिटी हिंदुओं को बताया गंदा, मुखालिफत में भारतीय मूल के लोग

कुआलालम्पुर : मलेशिया की एक लीडिंग यूनिवर्सिटी ने इंडिया में रहने वाले हिंदुओं को डर्टी और अनक्लीन बताया है। टीचिंग मॉड्यूल के ऑनलाइन पब्लिश होने के बाद यहां इसे लेकर विवाद हो गया है। इससे माइनॉरिटी कम्युनिटी के लोगों में खासी नाराजगी है। सिखों के खिलाफ भी की है टिप्पणी.
मुस्लिम मेजॉरिटी वाले मलेशिया की UTM यूनिवर्सिटी ने अपने टीचिंग मॉड्यूल को ऑनलाइन पोस्ट किया है। इसमें दावा किया गया है कि हिंदू लोग बॉडी पर गंदगी को निर्वाण प्राप्त करने का धार्मिक जरिया मानते हैं। मॉड्यूल में यह भी कहा गया है कि इस्लाम ने ही इंडिया में सिविलिटी को इंट्रोड्यूस किया था। मॉड्यूल की एक स्लाइड में सिखों पर भी सवाल खड़े किए गए हैं। इसमें कहा गया है कि सिखों के गुरु गुरुनानक को इस्लाम की ज्यादा समझ नहीं थी। उन्होंने इसे हिंदू लाइफस्टाइल से जोड़ा था।
मसला उठने के बाद यूनिवर्सिटी ने कहा- रिव्यू करेंगे
यूनिवर्सिटी ने टीचिंग मॉड्यूल का रिव्यू करने की बात कही है। यूनिवर्सिटी मैनेजमेंट ने यह फैसला डिप्टी एजुकेशन मिनिस्टर पी. कमलनाथन द्वारा इस मसले को उठाने के बाद किया है। मिनिस्टर ने अपनी फेसबुक पोस्ट्स में यह मसला उठाया। इनकी फेसबुक पोस्ट्स को न्यूज पोर्टल मलाया मेल ऑनलाइन ने अपने पेज पर अपलोड किया था।

एथनिक इंडियन मिनिस्टर कमलनाथन ने अपनी एक फेसबुक पोस्ट में कहा है- “मॉड्यूल में जरूरी बदलाव जल्द किए जाएंगे। अफसर मेरी सलाह को मान रहे हैं और उन्होंने मुझ से वादा किया है कि ऐसी गलतियां दोबारा नहीं की जाएंगी।” मिनिस्टर ने यह भी कहा है- “मॉड्यूल को जानबूझकर गलत बनाया गया था। इसमें मजहबों को गलत तरीके से पेश किया गया था।” उन्होंने हिंदुओं से शांत रहने की भी अपील की है। कमलनाथन ने कहा है कि वो हायर एजुकेशन मिनिस्ट्री से इस्लामिक और एशियन सिविलाइजेशन स्टडीज मॉड्यूल को रिलिजियस एक्सपर्ट द्वारा रिव्यू कराने को भी कहेंगे। इसके बाद ही इन्हें स्टूडेंटस के सामने लाया जाएगा।

मलेशियन इंडियन प्रोग्रेसिव एसोसिएशन (MIPAS) ने यूनिवर्सिटी के टीचिंग मॉड्यूल पर कड़ा एतराज जताया है। एसोसिएशन के सेक्रेटरी जनरल एस बराथिदासन ने कहा कि इस मॉड्यूल से हिंदू धर्म की पवित्रता को नुकसान पहुंचा है। उन्होंने इसे हिंदुओं का अपमान बताते हुए यूनिवर्सिटी से माफी मांगने को कहा है।

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