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मीडीया के लिए रैगूलेटरी अथॉरीटी की वकालत

नई दिल्ली 17 नवंबर (पी टी आई) ज़राए इबलाग़ के लिए क़वाइद-ओ-शराइत पर जारी बेहस आज शिद्दत इख़तियार कर गई। नायब सदर जमहूरीया हामिद अंसारी और प्रैस कौंसल सरबराह मारकंडे काटजू ने रैगूलेटरी अथॉरीटी की ताईद की, लेकिन हुकूमत ने ये मौक़िफ़ इ

नई दिल्ली 17 नवंबर (पी टी आई) ज़राए इबलाग़ के लिए क़वाइद-ओ-शराइत पर जारी बेहस आज शिद्दत इख़तियार कर गई। नायब सदर जमहूरीया हामिद अंसारी और प्रैस कौंसल सरबराह मारकंडे काटजू ने रैगूलेटरी अथॉरीटी की ताईद की, लेकिन हुकूमत ने ये मौक़िफ़ इख़तियार किया है कि सेल्फ रैगूलेशन (अज़खु़द पाबंदी) ही बेहतर रास्ता है।

क़ौमी यौम सहाफ़त तक़ारीब के मौक़ा पर हामिद अंसारी, मारकंडे काटजू और वज़ीर-ए-इत्तलात-ओ-नशरियात अमबीकासोनी ने मीडीया रैगूलेशन के बारे में अपनी राय ज़ाहिर की। हामिद अंसारी ने कहा कि किसी सरकारी रैगूलेटर के ग़ियाब में मीडीया तंज़ीमों, इन्फ़िरादी या इजतिमाई तौर पर अज़खु़द पाबंदी पर तवज्जा मर्कूज़ होगई ही, लेकिन इस मुआमला में हनूज़ कामयाबी नहीं मिली। उन्हों ने कहा कि इन्फ़िरादी तौर पर अज़खु़द पाबंदी के मुआमला में नाकामी होरही है क्योंकि अवामी मुफ़ाद के बरअक्स शख़्सी मुफ़ाद या शख़्सी दिलचस्पी को तर्जीह दी जा रही है।

ज़राए इबलाग़ को बाक़ायदा बनाने के बारे में जारी गर्मा गर्म मुबाहिस के पस-ए-मंज़र में नायब सदर जमहूरीया हामिद अंसारी ने आज कहाकि हिंदूस्तान दीगर मुस्तहकम जमहूरीयतों जैसे अमरीका और बर्तानिया से इस मौज़ू से निमटने के सिलसिला में रहनुमाई हासिल कर सकता है।

उन्हों ने क़िरतास-ए-अबयज़ जारी करने की तजवीज़ भी पेश की। नायब सदर क़ौमी यौम सहाफ़त तक़ारीब से इंडिया इंटरनैशनल सैंटर में ख़िताब कर रहे थॆ।

उन्होंने कहाकि ऐसी कोशिश कसीर मिल्कियती और मतन-ओ-तनव्वो के मसाइल का अहाता भी करसकती है। मारकंडे काटजू ने अज़खु़द पाबंदी जैसे मेकानिज़म की मुख़ालिफ़त करते हुए कहा कि मीडीया केलिए भी रैगूलेटरी अथॉरीटी होनी चाहियॆ। उन्हों ने कहा कि अगर मीडीया का ये मौक़िफ़ हो कि वो अज़खु़द पाबंदी इख़तियार करसकता है, तब यही उसूल सियासतदानों और ब्यूरो करीटस केलिए भी लागू होगा।

वज़ीर-ए-इतला-आत अमीबकासोनी ने कहा कि जब तक इस मसला पर अवाम के ज़रीया मुबाहिस ना हो और अक्सरीयत की राय हासिल ना की जायॆ, तब तक सेल्फ रैगूलेशन ही बेहतर रास्ता है। उन्हों ने कहा कि हर कोई इस हक़ीक़त से वाक़िफ़ है कि मीडीया पर किसी भी किस्म के कंट्रोल ना सिर्फ मीडीया बल्कि मलिक के आज़ाद ख़्याल अफ़राद भी मुज़ाहमत करेंगी।

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