Sunday , October 22 2017
Home / India / शरद पवार वज़ीरे आज़म बनने के लिए तैयार

शरद पवार वज़ीरे आज़म बनने के लिए तैयार

नई दिल्ली, 04 मार्च: एन सी पी सरबराह शरद पवार वज़ीरे आज़म बनने के लिए तैयार हैं बशर्तिके ऐसी सूरते हाल हो जहां इस मसले पर इत्तिफ़ाक़ राय भी पाई जाती है। पार्टी लीडर‍ और मर्कज़ी वज़ीर पराफ़िल पटेल ने टी वी प्रोग्राम तीखी बात में प्रभु चावल

नई दिल्ली, 04 मार्च: एन सी पी सरबराह शरद पवार वज़ीरे आज़म बनने के लिए तैयार हैं बशर्तिके ऐसी सूरते हाल हो जहां इस मसले पर इत्तिफ़ाक़ राय भी पाई जाती है। पार्टी लीडर‍ और मर्कज़ी वज़ीर पराफ़िल पटेल ने टी वी प्रोग्राम तीखी बात में प्रभु चावला को ये बात बताई। उन्होंने कांग्रेस और एन सी पी के इंज़िमाम का इमकान मुस्तर्द कर दिया। उन्होंने कहा कि दोनों पार्टियों के इंज़िमाम की अफ़्वाहें कई मर्तबा गश्त करती रही हैं, लेकिन ऐसा होना मुम्किन नहीं।

एक और सवाल के जवाब में पराफ़िल पटेल ने कहा कि अगर हालात साज़गार हों, और वज़ारत अज़माई के मसले पर इत्तिफ़ाक़ राय पाई जाये तो शरद पवार ये ओहदा ज़रूर क़बूल करेंगे, लेकिन उन्होंने वाज़िह तौर पर कहा कि इस मौक़े पर ये बात करने बुनियादी तौर पर ग़लत होगा। उन्होंने बताया कि शरद पवार एन सी पी के सदर बरक़रार रहेंगे और पार्टी की बागडोर इन ही के हाथ में होगी।

वो इंतिख़ाबात में मुक़ाबला ना करने के बावजूद पार्टी क़ियादत पर फ़ाइज़ रहेंगे और वज़ारते उज़मा ओहदे के लिए एन सी पी के उम्मीदवार भी वही होंगे। जब उन से पूछा गया कि आम इंतिख़ाबात में अगर यू पी ए को क़तई अक्सरियत हासिल होजाए तो क्या वो राहुल गांधी के तहत काम तैयार हैं।

उन्होंने इस बात में जवाब दिया। जब उन से फिर ये पूछा गया कि क्या वो और शरद पवार दोनों राहुल गांधी के तहत काम करने तैयार हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ज़ेरे क़ियादत यू पी ए हुकूमत में फ़ैसले कौन करेगा, ये कोई हम मसला नहीं। हुकूमत वाहिद बड़ी जमात की बुनियाद पर चलाई जाती है और कांग्रेस यू पी ए में वाहिद बड़ी जमात है। इस का ये मतलब नहीं कि मुस्तक़बिल में ये वाहिद बड़ी जमात नहीं होगी।

उन्होंने कहा कि एन डी ए और यू पी ए के बीच मे ख़ारिजा पालिसी, मआशी पालिसी के ताल्लुक़ से मुमासिलत पाई जाती है, इस का ये मतलब नहीं कि हम एन डी ए और यू पी ए का मुवाज़ना कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि शरद पवार को वज़ारते उज़्मा उम्मीदवार के तौर पर पार्टी पेश करेगी, फिर‌ जो भी क़तई फ़ैसला होगा , वो लोक सभा इंतिख़ाबात के बाद ही किया जाएगा। इस बारे में कोई भी तबसिरा वक़्त से पहले होगा।

TOPPOPULARRECENT