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सवालों के घेरे में EVM, उत्तराखंड HC ने दिया ईवीएम सील करने का आदेश,ईवीएम में गड़बड़ी का आरोप

देहरादून-एमसीडी चुनावों में मिली हार के बाद आम आदमी पार्टी ईवीएम को लेकर और तीखे हमले कर रही है। यूपी चुनाव में मिली करारी हार के बाद मायावती समेत तमाम विपक्षी दलों ने ईवीएम की विश्वसनिता पर सवाल उठाए थे । ऐसे में उत्तराखंड से एक बड़ी खबर आई है ।

उत्तराखंड हाईकोर्ट ने देहरादून जिले की विकासनगर विधानसभा की सभी ईवीएम सील कर ज्‍यूडिशियल कस्‍टडी में रखने के आदेश दिए हैं । पूर्व मंत्री व कांग्रेस के पराजित प्रत्याशी नवप्रभात ने मशीन के साथ छेड़खानी का आरोप लगाते हुए जांच करने की मांग की थी । हाईकोर्ट ने इस मामले में चुनाव आयोग, राज्य चुनाव आयोग, प्रमुख सचिव और चुनाव जीतने वाले भाजपा प्रत्याशी को नोटिस भेजा है । एकलपीठ ने सभी पक्षकारों को छह सप्ताह में जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए हैं। इसके बाद यह भी सवाल पैदा हो गया है कि क्या भाजपा विधायक की सदस्यता रद्द की जाएगी और दोबारा चुनाव होगा?

याचिका को सुनने के बाद न्यायमूर्ति एसके गुप्ता की एकलपीठ ने विकासनगर के न्यायिक मजिस्ट्रेट के सामने मशीन को सील कर सुरक्षित करने आदेश दिए हैं। पूर्व मंत्री और विकासनगर से कांग्रेस उम्मीदवार नवप्रभात ने हाईकोर्ट में ईवीएम में गड़बड़ी को लेकर याचिका दाखिल की थी। याचिकाकर्ता ने विकासनगर विधानसभा सीट में फर्जी वोटरों के बारे में बताते हुए कहा है कि विधायक मुन्ना सिंह चौहान का भी दो मतदाता सूची में वोट है।

11 मार्च को आए विधानसभा चुनाव परिणाम के मुताबिक विकासनगर विधानसभा सीट पर भाजपा के मुन्ना सिंह चौहान ने कांग्रेस उम्मीदवार नवप्रभात को हरा दिया था। मुन्ना सिंह चौहान ने नवप्रभात को 6418 वोटों से हराया था। इसके बाद नवप्रभात ने ईवीएम में गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की थी। इस याचिका पर गुरुवार को सुनवाई के बाद कोर्ट ने ये आदेश दिया।

मायावती ने यूपी में मिली हार के बाद सारी ठिकरा ईवीएम के सिर फोड़ दिया था, अरविंद केजरीवाल लगातार एमसीडी चुनाव मतदान पत्र से कराने की मांग करते रहे लेकिन चुनाव आयोग ये आरोप सिरे से नकार देता है कि ईवीएम में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी हो सकती है ।

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