Sunday , October 22 2017
Home / Khaas Khabar / फ़लस्तीनीयों की लहूलुहान नाशें देख कर अक़वाम-ए-मुत्तहिदा ओहदेदार रो पड़े

फ़लस्तीनीयों की लहूलुहान नाशें देख कर अक़वाम-ए-मुत्तहिदा ओहदेदार रो पड़े

रिपोर्टिंग करने वाले मग़रिबी सहाफ़ी भी तबाही देख कर तड़प उठे,ग़ज़ा में इसराईली जारहीयत को वुसअत

रिपोर्टिंग करने वाले मग़रिबी सहाफ़ी भी तबाही देख कर तड़प उठे,ग़ज़ा में इसराईली जारहीयत को वुसअत

ग़ज़ा में इसराईली जारहीयत और वहशयाना कार्यवाईयों में जांबाहक़ होने वाले मासूम बच्चों-ओ-ख़वातीन और नौजवान फ़लस्तीनीयों की लहूलुहान नाशें देख कर अक़वाम-ए-मुत्तहिदा के ओहदेदार भी रो पड़े। इस तबाही की रिपोर्टिंग करने वाले मग़रिबी सहाफ़ी भी मुज़्तरिब दिखाई दिए।

कई सहाफ़ीयों को ख़ासकर ख़ातून सहाफ़ी को ऑनलाईन रिपोर्टिंग के दौरान इसराईली जारहीयत पर आँसू बहाते हुए देखा गया। अक़वाम-ए-मुत्तहिदा के ओहदेदार ने जो ग़ज़ा में इसराईली वहशयाना कार्यवाईयों से होने वाली तबाही और ख़ूँरेज़ी के मुनाज़िर देखते हुए अपने ग़म-ओ‍-सदमे को बर्दाश्त नहीं करसके।

कशटफ़र गेंस के ये मुनाज़िर तकलीफ़देह थे। शुमाली ग़ज़ा में एक रिफ्यूजी कैंम्प के अंदर स्कूल पर इसराईली बमबारी के बाद वहां पर ख़ून में लत पत् नाशों और फटे कटे इंसानी आज़ा को देखने के बाद वो गिर पड़े। इस हमले में तक़रीबन 20 फ़लस्तीनी मर्द ख़वातीन-ओ-बच्चे हलाक हुए थे।

उनके ख़िलाफ़ 100 से ज़ाइद ज़ख़मी बताए गए हैं। अल-जज़ीरा टी वी चैनल ने अक़वाम-ए-मुत्तहिदा के ओहदेदार मिस्टर कशटफ़र गेंस से इंटरव्यू लिया जो बज़ाहिर मुज़्तरिब और बेताब नज़र आरहे थे। उनके आँखों से आँसू रवां थे। वो कुछ कहने के लिए अपने गुल गीर आवाज़ को दुरुस्त करने की कोशिश की और थोड़ी देर ठहर कर गहिरी सांस लेने के बाद हालात की मंज़र कुशी की।

उन्होंने इसराईली जारहीयत और फ़लस्तीनीयों की मज़लूमियत पर अपने दुखी दिल का इज़हार किया। जबलीह पनाह गज़ीं कैंम्प में एक स्कूल पर हमले के मुतास्सिरीन से उन्होंने बातचीत की। जिन के जिस्म से ख़ून बह रहा था। ये लोग इसराईली फ़ौजी कार्यवाईयों से बचने के लिए अपने घरों से निकल कर इस स्कूल में पनाह लिए हुए थे लेकिन ज़ालिम यहूदी फ़ौज ने स्कूल में पनाह लेने वालों को भी नहीं बख्शा ।

मशरिक़ी ग़ज़ा में अक़वाम-ए-मुत्तहिदा राहतकारी और बचाव‌कारी ख़िदमात अंजाम देने वाली एजेंसी के सीनियर डायरेक्टर कशटफ़र गिनीस का कहना है कि फ़लस्तीनीयों के हुक़ूक़ को सल्ब करलिया गया है। यहां तक कि बच्चों को भी आज़ादी से महरूम कर दिया गया । अक़वाम-ए-मुत्तहिदा के ओहदेदारों ने कहा कि उन्होंने इसराईली फ़ौज को 17 मर्तबा बताया कि ये एक स्कूल है।

ग़ज़ा का सब से बड़ा पनाह गज़ीं कैंम्प यही क़ायम किया गया है। यहां तमाम मासूम फ़लस्तीनी शहरी मुक़ीम हैं जो अपनी जान बचाने के लिए घरों को छोड़कर आए हैं लेकिन यहूदी फ़ौज ने अक़वाम-ए-मुत्तहिदा ओहदेदारों की इस इल्तिजा को भी नजरअंदाज़ कर दिया। ग़ज़ा में इसराईली तबाहकारी इंतिहा-ए-को पहूंच गई है।

इस ने आज ये भी अह्द किया कि वो ग़ज़ा में अपनी कार्यवाईयों को वुसअत देगा। हमास के सुरंगों के नेटवर्क को तबाह करने के लिए बमबारी की जाएगी। इसराईल ने ग़ज़ा में 24 रोज़ा फ़ौजी कार्रवाई को वुसअत देते हुए 16 हज़ार सिपाहीयों को सरगर्म कर दिया है ।

इसराईली कार्यवाईयों में अब तक 1400 फ़लस्तीनी जांबाहक़ होगए हैं। इन में ज़्यादा तर शहरी बताए गए हैं। वज़ीर-ए-आज़म बिन्यामिन नेतन्याहू ने कहा कि इसराईल ने अह्द करलिया है कि हमास के बनाए गए तमाम सुरंगों का तबाह करदेगा। ये सुरंगें इसराईल में दरअंदाज़ी के लिए बनाई गई थीं।

काबीना के इजलास से क़बल बात करते हुए बिन्यामिन नेतन्याहू ने कहा कि इसराईल की दिफ़ाई फ़ौज उस वक़्त सुरंगों को तबाह करने के काम में लगी हुई है। हम ने अब तक दर्जनों सुरंगें तबाह करदी हैं और माबक़ी सुरंगों को भी तबाह कर दिया जाएगा|

TOPPOPULARRECENT