Tuesday , October 17 2017
Home / Delhi News / JNU: ABVP में दरार, बागियों ने दलितों पर स्टैंड साफ करने को कहा

JNU: ABVP में दरार, बागियों ने दलितों पर स्टैंड साफ करने को कहा

images(25)

नई दिल्ली । इंटरनैशनल विमिंज डे पर मंगलवार को जवाहर लाल नेहरू यूनिवर्सिटी (JNU) में एबीवीपी के बागी कार्यकर्ताओं ने ‘मनुस्मृति’ को जलाया। बताया जा रहा है कि ये वे कार्यकर्ता हैं जो जल्द ही संगठन से इस्तीफा देने की तैयारी में हैं। इससे पहले एबीवीपी यूनिट के जो तीन लीडर्स इस्तीफा दे चुके हैं, वे भी इस प्रोग्राम में शामिल हुए थे।

जेएनयू के एबीवीपी यूनिट के वाइस प्रेजिडेंट जतिन गोरैया ने यहां मनुस्मृति जलाई और कहा कि वे दलितों और महिलाओं के खिलाफ बोलने वाली मनुस्मृति पर एबीवीपी का स्टैंड जानने के लिए 2 महीने से इंतजार कर रहे हैं। अगर जल्द ही उन्हें साफ जवाब नहीं मिला, तो वे इस्तीफा दे देंगे। स्टूडेंट्स का कहना है कि सिक्‍यॉरिटी ने कॉपी को जलाने से स्टूडेंट्स को रोकने की कोशिश भी की, मगर यह यूनिवर्सिटी में हर साल होता है इसलिए इस बार भी कॉपी जलाई गई।

इस दौरान कई स्‍टूडेंट्स मौजूद थे। स्कूल ऑफ लैंग्वेजेज में रशियन स्टडीज के स्टूडेंट जतिन ने कहा, ‘मनुस्मृति में महिलाओं की खिलाफ बातें लिखी गई हैं इसलिए इस दिन को हमने चुना। हमने यूनिट मीटिंग में पहले भी यह बात रखी है मगर हमसे यह कहा गया कि हम किताबें नहीं जलाते और मनुस्मृति में कुछ अच्छी बातें भी हैं, जिन्हें हम कोट करते हैं।

जतिन का कहना है कि एबीवीपी का कोई साफ स्टैंड ही नहीं है इसलिए पिछले महीने यूनिट से तीन मेंबर इस्‍तीफा दे चुके हैं। इन तीन में से एक प्रदीप नरवाल, जो कि जेएनयू यूनिट-एबीवीपी के जॉइंट सेक्रेटरी थे, वो भी इस प्रोग्राम में मौजूद थे। जतिन ने कहा कि अभी 6-9 एबीवीपी लीडर्स और कुल 11-12 मेंबर्स ऐसे हैं, जो परिषद को छोड़ने की बात सोच रहे हैं।

एबीवीपी के अलावा कई यूथ विंग के मेंबर्स मौके पर मौजूद थे, जिनमें एनएसयूआई के लोग भी थे। प्रदीप नरवाल ने कहा, ‘हमने दलितों, महिलाओं को लेकर होने वाले भेदभाव का विरोध करते हुए मनुस्मृति की कॉपियां जलाकर विरोध करने की बात कही थी, मगर हमें साफ मना कर दिया गया।

TOPPOPULARRECENT