Thursday , January 18 2018

अव्वाम पर मुज़ालिम के इल्ज़ामात को सदर मुर्सी ने मुस्तरद कर दिया

क़ाहिरा 13 अप्रैल : मुर्सी के सदर और फ़ौज ने मुज़ाहेरीन पर मुज़ालिम और तकलीफ देने से मुताल्लिक़ रिपोर्ट मंज़र-ए-आम पर आने के बाद इन इल्ज़ामात की सख़्ती के साथ तरदीद की है। वज़ीर-ए-दिफ़ा अब्दुलफ़ताह अलसीसी ने जो फ़ौज के सरबराह भी हैं, तहक़ीक़ात

क़ाहिरा 13 अप्रैल : मुर्सी के सदर और फ़ौज ने मुज़ाहेरीन पर मुज़ालिम और तकलीफ देने से मुताल्लिक़ रिपोर्ट मंज़र-ए-आम पर आने के बाद इन इल्ज़ामात की सख़्ती के साथ तरदीद की है। वज़ीर-ए-दिफ़ा अब्दुलफ़ताह अलसीसी ने जो फ़ौज के सरबराह भी हैं, तहक़ीक़ाती रिपोर्ट में कुछ् फ़ौजी आफ़िसरान पर आइद करदा इल्ज़ामात की तरदीद की और कहा कि में ख़ुदा की क़सम लेते हुए कहता हूँ कि मुसल्लह अफ़्वाज ने किसी को हलाक नहीं किया और ना किसी को हलाक करने का हुक्म दिया।

इस (फ़ौज) ने कोई ज़ालिमाना कार्रवाई नहीं की और ना ही तक्लीफ देने का कोई हुक्म दिया था। अब्दुलफ़ताह का बयान आज टेलीविज़न से नशर किया गया इस मौके पर वो सदर मुर्सा के साथ दिखाए गए। बादअज़ां मुर्सा ने मिस्र की बक़ा-ओ-हिफ़ाज़त केलिए मुसल्लह अफ़्वाज के रोल की भरपूर तारीफ‌ की और कहा कि 25 जनवरी को अव्वामी मार्च के मौके पर फ़ौज ने जो रोल अदा किया है वो तारीफ के काबिल है।

वाज़ह रहे कि 25 जनवरी 2011-ए-को मिस्री अव्वाम बड़े पैमाने पर सड़कों पर निकल आए थे जिसके नतीजे में हुसने मुबारक को गद्दी छोड़ना पड़ा था।

TOPPOPULARRECENT