Monday , December 11 2017

एक लाख अस्सी हज़ार दिरहम नहीं डिगा पाए साजिद का ईमान

दुबई। अपनी जिंदगी में कई बार उतार-चढ़ाव के दौर से गुजर चुके टैक्सी चालक खालिद के ईमान को एक लाख अस्सी हज़ार दिरहम भी नहीं डगमगा पाए। पकिस्तान मूल के 36 साल के साजिद की टैक्सी में एक यात्री यह रकम भूल कर चला गया था लेकिन उसने ईमानदारी का परिचय देते हुए यह राशि उसके मालिक को वापस लौटा दी।

साजिद को पाकिस्तान एसोसिएशन, दुबई की ओर से सम्मानित किया गया। वह 20 साल की उम्र से यहां रह रहा है और परिवार में पत्नी, तीन बच्चे, अभिभावक भी साथ हैं। वह परिवार को वापस पकिस्तान ले जाने के लिए काफी प्रयास कर रहा है। ईमानदारी को लेकर साजिद ने कभी समझौता नहीं किया और यही कारण रहा की इतनी रकम मिलने के पश्चात उसने मालिक को वापस कर दी।

उसका कहना है कि ईमानदारी ही मेरे लिए सब कुछ है। जो पैसे मेरे नहीं हैं, उनको रखने की कल्पना भी नहीं कर सकता हूं। 21 जनवरी को खालिद ने डेरा से एक यात्री को टैक्सी में बिठाया और गोल्ड सूक पर उसे छोड़ दिया। वह हिंदी में बातचीत कर रहा था। उसको छोड़ने के आधे घंटे के बाद अपनी कार में एक शॉपिंग बैग दिखाई दिया। उसमें तंजानिया का पासपोर्ट था और 180,000 दिरहम भी थे।

खालिद अपनी कंपनी के कस्टमर केयर पर गया तथा पुलिस को रिपोर्ट को इसकी सूचना दी। इसके तीन घंटे के भीतर सम्बन्धित व्यक्ति के पास पैसे पहुँच गए। खालिद ने बताया कि जब वह उस यात्री को पैसा वापस कर रहा था तो उसकी आँखों में आंसू थे। उसने मुझे धन्यवाद दिया। उन्होंने सोचा भी नहीं होगा कि मैं उसके पैसे वापस कर दूंगा। उसका कहना था कि कई बार ऐसा हुआ कि यात्री टैक्सी में आइटम छोड़ गया लेकिन मैंने हमेशा उनको वापस कर दिया।
पाकिस्तान एसोसिएशन, दुबई के महासचिव डॉ फैसल इकराम ने कहा कि खालिद को उसकी ईमानदारी के लिए सम्मानित किया गया।

TOPPOPULARRECENT