कश्मीर पर चर्चा के लिए कल बैठक बुला सकता है संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद !

कश्मीर पर चर्चा के लिए कल बैठक बुला सकता है संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद !
Indian security personnel stand guard on a street during a curfew in Srinagar on August 8, 2019, as widespread restrictions on movement and a telecommunications blackout remained in place after the Indian government stripped Jammu and Kashmir of its autonomy. (Photo by Tauseef MUSTAFA / AFP)

संयुक्त राष्ट्र के एक शीर्ष राजनयिक के अनुसार, भारत की ओर से जम्मू-कश्मीर का विशेष दर्जा खत्म करने के फैसले पर पाकिस्तान की ओर से संयुक्त राष्ट्र को पत्र लिखे जाने के बाद पाकिस्तान के सहयोगी देश चीन ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद से इस पर चर्चा कराने की मांग की है। राजनयिक ने नाम न छापने की शर्त पर पीटीआई को बताया कि बैठक को बुलाने का अनुरोध हाल ही में किया गया था, जो कि शुक्रवार को हो सकती है।

उन्होंने बताया कि बीजिंग के करीबी सहयोगी पाकिस्तान ने इस बारे में अगस्त महीने में सुरक्षा परिषद के अध्यक्ष पोलैंड को पत्र लिखा था। उन्होंने कहा कि चीन ने सुरक्षा परिषद की कार्यसूची में शामिल ‘भारत-पाकिस्तान सवाल’ पर चर्चा की मांग की है। यह मांग पाकिस्तान की ओर से सुरक्षा परिषद के अध्यक्ष को लिखे पत्र के संदर्भ में की गई है।

हाल में पाकिस्तान के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी ने कहा था कि उनके देश ने, जम्मू-कश्मीर का विशेष दर्जा समाप्त करने के भारत के फैसले पर चर्चा के लिए सुरक्षा परिषद की आपात बैठक बुलाने की औपचारिक मांग की है।

राजनयिक ने बताया कि चीन ने भी सुरक्षा परिषद की बैठक बुलाने के लिए औपचारिक रूप से अनुरोध किया है, लेकिन पोलैंड को बैठक की तारीख और समय तय करने से पहले अन्य सदस्यों से परामर्श करना होगा।

अधिकारी ने कहा कि अभी तक बैठक के समय को लेकर कोई अंतिम फैसला नहीं किया है पर शुक्रवार की सुबह सबसे नजदीकी विकल्प है।

गौरतलब है कि विदेश मंत्री एस जयशंकर ने सोमवार को बीजिंग में चीन के विदेश मंत्री वांग यी के साथ हुई द्विपक्षीय मुलाकात में स्पष्ट किया था कि जम्मू-कश्मीर का विशेष दर्जा खत्म करने का फैसला भारत का आंतरिक मामला है।

उन्होंने कहा था कि यह बदलाव बेहतर प्रशासन और क्षेत्र के सामाजिक-आर्थिक विकास के लिए है एवं फैसले का असर भारत की सीमाओं और चीन के साथ लगती वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर नहीं पड़ेगा।