Thursday , September 20 2018

गांधीजी की हत्या के लिए आरएसएस को आरोपित नहीं ठहराया

नई दिल्ली: कांग्रेस और आरएसएस के बीच राजनीतिक टकराव समाप्त होती मालूम हो रही है क्योंकि राहुल गांधी ने आज सुप्रीम कोर्ट को यह बताते हुए अपनी ओर से मामला साफ कर देने की कोशिश की कि उन्होंने कभी आरएसएस का संगठन रूप में आरोपित नहीं ठहराया कि वह महात्मा गांधी की हत्या के लिए जिम्मेदार है बल्कि इससे जुड़े व्यक्तियों को इस हत्या के पीछे प्रेरित कहा। उन्होंने अपने रुख के समर्थन में बॉम्बे हाईकोर्ट में दाखिल किए गए अपने हलफनामे के कुछ हिस्सों का हवाला दिया और महाराष्ट्र में 2015 के चुनाव रैली में उनके कथित अपमानजनक बयान के आरोप में उन्हें आरोपी के रूप में जारी समन की वैधता को चुनौती दी| जसटिस दीपक मिश्रा और जस्टिस आर एफ नरीमन होता पीठ ने कहा कि अगर शिकायतकर्ता इस बयान पर सहमत है तो वह इस बयान को रिकॉर्ड में शामिल करते हुए इस याचिका की यकसूई कर देगी।

पीठ ने कहा कि हमें जो समझ आ रहा है वह ये है कि आरोपी ने कभी आरएसएस को बतौर संगठन महात्मा गांधी की हत्या के आरोपित नहीं ठहराया बल्कि इस हत्या के लिए संगठन से जुड़े लोगों को जिम्मेदार बताया। वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल ने उपाध्यक्ष कांग्रेस की पैरवी करते हुए हाईकोर्ट में पेश किया हलफनामे का हवाला देते हुए कहा कि उन्होंने केवल आरएसएस के कुछ लोगों को आरोपित ठहराया है और महात्मा गांधी के हत्यारे के रूप में संगठन पर आरोप नहीं किया।

TOPPOPULARRECENT