गैंग रेप के मामले में तीन इन्सपेक्टर, दो सब-इन्सपेक्टर निलंबित , सिटी सुप्रिटेंडेंट‌ का तबादला

गैंग रेप के मामले में तीन इन्सपेक्टर, दो सब-इन्सपेक्टर निलंबित , सिटी सुप्रिटेंडेंट‌ का तबादला
Click for full image

भोपाल: मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में सामूहिक बलात्कार के सनसनीखेज मामले में लापरवाही बरतने पर आज तीन थानों के सिटी इंस्पेक्टर और दो सब इंस्पेक्टर (एसआई) को निलंबित कर दिया गया और एक पुलिस अधीक्षक का तबादला करके पुलिस हेडक्वार्टर में तैनात किया गया है। इस मामले की जांच के लिए विशेष जांच दल (एसआईटी) स्थापित किया गया है।

आईजी (कानून और व्यवस्था) मुखर्जी देवस्कर ने मीडिया को ये ख़बर‌ दी। उन्होंने बताया कि हबीबगंज के सिटी इन्सपेक्टर रविन्द्र यादव, एमपी नगर के सिटी इन्सपेक्टर संजय सिंह बीस और गर्वनमैंट रेलवे पुलिस (जीआरपी के इन्सपेक्टर मोहित सक्सेना और एमपी नगर के एसआईआरएन टीकॉम और जीआरपीकेएस आई वैको को निलंबित कर दिया गया है, जबकि एम पी नगर के सी एस पी कुलवंत सिंह को हटा कर पुलिस हेडक्वार्टर भेज दिया गया है।

उन्होंने बताया कि मामले की तहक़ीक़ात के लिए महिलाओं से संबंधित अपराध पुलिस के डिप्टी -इन्सपेक्टर जनरल सुधीर लाड नेतृत्व में एसआईटी का गठन किया गया है। मिस्टर देउस्कर ने कहा कि इस मामले में चार लोगो को हिरासत में लिया गया है। जांच होने के बाद, उनमें से तीन को अदालत में पेश किया गया और जेल भेज दिया गया

स्पष्ट रहे कि 31 अक्तूबर की शाम साढे़ सात बजे कोचिंग सैंटर से लोटते वक़्त स्कूली छात्र‌ के साथ हबीबगंज रेलवे स्टेशन के आऊटर सेक्शन पर चार बदमाशों ने तीन घंटे से ज़्यादा वक़्त तक उसका रेप किया था। पिडित‌ लड़की ने इस घटना की ख़बर‌ अपने परिवार‌ को दी,। उस के माता पिता दोनों पुलिस में हैं। उन्होंने थाने में इस सिलसिले में एफ़आईआर दर्ज कराने पहुंचे थे।

आरोप‌ है कि तीन थानों के स्टाफ़ ने सरहदी विवाद की वजह से मामला दर्ज करने में टाल मटोल किया। जिसकी वजह से लड़की एफ़आई आर दर्ज कराने के लिए अपने परिवार‌ के साथ एक पुलिस स्टेशन से दूसरे पुलिस स्टेशन में भटकती रही। बाद में सीनीयर हुक्काम के इस मामले की जांच के लिए विशेष जांच दल (एसआईटी) स्थापित किया गया है।

Top Stories