Monday , December 18 2017

चाय बेचने वाला भी बन सकता है PM : दिग्विजय

बीजेपी के वज़ीर ए आज़म ओहदे के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी के सबसे मुखर नाकिदीन (Outspoken critics) में एक कांग्रेस जनरल सेक्रेटरी दिग्विजय सिंह ने यकायक सबको चौंका दिया है। उनका मानना है कि मोदी अब अटल बिहारी वाजपेयी की नज़रिया के नजदीक आ रहे हैं।

बीजेपी के वज़ीर ए आज़म ओहदे के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी के सबसे मुखर नाकिदीन (Outspoken critics) में एक कांग्रेस जनरल सेक्रेटरी दिग्विजय सिंह ने यकायक सबको चौंका दिया है। उनका मानना है कि मोदी अब अटल बिहारी वाजपेयी की नज़रिया के नजदीक आ रहे हैं। हालांकि, वह यह जोड़ना नहीं भूले कि खुदा न करे कि बीजेपी इक्तेदार में आए और अगर आई तो लोग मोदी नहीं सुषमा को वज़ीर ए आज़म देखना पसंद करेंगे। वहीं, दिग्विजय के इस तब्सिरे पर खुशी जताते हुए बीजेपी ने कहा कि कांग्रेस को अब मोदी में कुछ तो अच्छा दिखने लगा है।

एक मीडिया ग्रुप के प्रोग्राम में दिग्विजय ने कहा कहा, ‘मोदी कट्टरपंथी ख्यालो को छोड़ रहे हैं। मैं इसकी तारीफ करता हूं। अब उन्हें भी समझ में आ रहा है कि इस मुल्क में कट्टरपंथी ख्यालात के साथ आप आगे नहीं जा सकते।’ चाय वाले के वज़ीर ए आज़म बनने के सवाल दिग्विजय ने कहा कि जमूहूरियत में सिर्फ केरल का कोई गरेड़िया ( चरवाहा) सदर जम्हूरी बन सकता है तो एक चाय वाला भी पीएम बन सकता है। गौरतलब है कि साबिक सदर जम्हूरिया केआर नारायणन गरड़िया तब्के से आते थे।

दिग्विजय के इन बोलों पर स्मृति ईरानी ने कहा कि उन्हें कांग्रेस जनरल सेक्रेटरी के मुंह से मोदी की तारीफ सुनकर खुशी हुई। जिंदगी में पहली बार मैंने दिग्विजय सिंह के मुंह से मोदी की तारीफ सुनी। इस पर दिग्विजय सिंह ने मजाकिया लहजे में कहा कि ‘मोदी पर आपकी संगत का ही असर पड़ा है। आप मुबारकबादी देने के लायक हैं।’ एक सवाल के जवाब में दिग्विजय ने यह भी कहा कि राहुल गांधी को सेक्युलरिज़म (Secularism) का सर्टीफिकेट देने की जरूरत नहीं है। वह सेक्युलरिज़्म के माहौल के साथ ही बड़े हुए हैं।

मोदी की तारीफ तो दिग्विजय ने की, लेकिन यह जोड़ना नहीं भूले कि गुजरात के वज़ीर ए आला को 2002 दंगों के मुतास्सिरों को इंसाफ दिलाने की सिम्त में भी कुछ करना चाहिए। साथ ही उन्होंने कहा, ‘हिंदुस्तान की आवाम को वाजपेयी और सुषमा मंजूर हो सकते हैं लेकिन मोदी कुबूल नहीं होंगे।’

TOPPOPULARRECENT