Sunday , December 17 2017

देढ़ लाख सऊदी ख़वातीन को मुलाज़मतों के मौक़ा

ताइफ । 26 नवंबर (एजैंसीज़) सऊदी अरब में ख़वातीन के ज़ेर जामा , मलबूसात और दीगर अशीया के मार्किटों में अब हज़ारों सऊदी ख़वातीन सेल्ज़ वूमंस की ज़िम्मेदारी सँभालने केलिए तैय्यार होचुकी हैं। जो इस शोबा पर ग़लबा रखने वाले बैरूनी वर्क फ़ोर्

ताइफ । 26 नवंबर (एजैंसीज़) सऊदी अरब में ख़वातीन के ज़ेर जामा , मलबूसात और दीगर अशीया के मार्किटों में अब हज़ारों सऊदी ख़वातीन सेल्ज़ वूमंस की ज़िम्मेदारी सँभालने केलिए तैय्यार होचुकी हैं। जो इस शोबा पर ग़लबा रखने वाले बैरूनी वर्क फ़ोर्स की जगाह लेगी। ख़वातीन के लिए मख़सूस दुक्का नात बिलख़सूस ज़ेर जामा और ऐसी ही दीगर अशीया फ़रोख़त करने वाले इदारों में बैरूनी कारकुनों के बाजाए सिर्फ़ सऊदी ख़वातीन को मुलाज़मत देने से मुताल्लिक़ क़ानून 4 जनवरी 10 सिफ़र से नाफ़िज़ अल्सर होजाएगा।

तवक़्क़ो है के बेरोज़गार साव दिया ख़वातीन केलिए इस क़ानून से देढ़ लाख मुलाज़िमें फ़राहम होंगी। रोज़नामा उल-शर्फ़ अलावसत ने ये ख़बर देते हुए मज़ीद कहा कि नौजवान सऊदी ख़वातीन की कसीर तादाद सेल्स वीमनस की चैलेंजों से भरपूर ज़िम्मेदारी सँभालने की हैं। इस मक़सद केलिए चंद सऊदी ख़वातीन ऑनलाइन मुहिम चला रहि थी। 2005 में फ़ातिमा कुरूब ने उलझन-ओ-पशयानी अब बस होगई, के उनवान से कामयाब मुहिम चलाई थी।

TOPPOPULARRECENT