Monday , December 18 2017

पाकिस्तानी कैदी सनाउल्लाह की हालत नाजुक

चंडीगढ़, 05 मई: जम्मू की कोट भलवाल जेल में हमले में ज़ख़्मी हुए पाकिस्तानी कैदी सनाउल्लाह की हालत नाजुक है। पीजीआइ के आइसीयू में शरीक सनाउल्लाह को वेंटीलेटर पर रखा गया है। इनकी सेहत में कोई सुधार नहीं आया है। हफ्ते के दिन हाल जानने के

चंडीगढ़, 05 मई: जम्मू की कोट भलवाल जेल में हमले में ज़ख़्मी हुए पाकिस्तानी कैदी सनाउल्लाह की हालत नाजुक है। पीजीआइ के आइसीयू में शरीक सनाउल्लाह को वेंटीलेटर पर रखा गया है। इनकी सेहत में कोई सुधार नहीं आया है। हफ्ते के दिन हाल जानने के लिए दिल्ली से पाकिस्तान सिफारतखाने के दो आफीसर अबरार हाशमी और जरहम अब्बास पहुंचे। उन्होंने डॉक्टरों से सनाउल्लाह के बारे में तफसीली मालूमात हासिल की |

वाजेह है कि हिंदुस्तान में पाकिस्तानी सिफारतखाने के राबिता आफीसर मंजूर अली मेनन ने जुमे के दिन इस दौरे की इत्तेला दी थी। इधर, पीजीआइ के डायरेक्टर दफ्तर में पाकिस्तान हाईकमीशन के आफीसरों की एंट्री भी रजिस्टर में दर्ज नहीं की गई। पीजीआइ की तर्जुमान मंजू वाडवलकर ने बताया कि सनाउल्लाह की हालत मुस्तहकम है लेकिन नाज़ुक बनी हुई है। आइसीयू के चीफ डॉ. वाइके बतरा और न्यूरोसर्जरी डिपार्टमेंट के डॉ. मथूरिया की देखरेख में डॉक्टरों की टीमें इलाज़ के अमल में तैनात हैं।

उन्होंने बताया कि पाकिस्तानी कैदी के सिर में गहरा ज़ख्म है। खून बह जाने की वजह से सिर में थक्के बन गए हैं। मालूम हो कि जम्मू की जेल में बंद साबिक फौजी विनोद सिंह बिष्ट ने सनाउल्लाह पर हमला कर उसे शदीद तौर पर ज़ख्मी कर दिया था।

मरकज़ी वज़ीर ए सेहत गुलाम नबी आजाद ने कहा कि पाकिस्तानी कैदी सनाउल्लाह को इलाज के लिए बेहतर सहूलियात मुहैया कराई जाएंगी। इसके लिए उसे बैरून भेजने की जरूरत होगी तो भेजा जाएगा। आजाद जम्मू-कश्मीर के गुलाबगढ़ में सहाफियों से बातचीत कर रहे थे।

उन्होंने कहा कि लाहौर की कोट लखपत जेल में सरबजीत के साथ जैसा हादिसा हुआ, ठीक वैसा ही पाकिस्तानी कैदी के साथ जम्मू की कोट भलवाल जेल में हुआ। दोनों ही हमले गलत हैं, लेकिन इस मामले में दोनों मुल्कों की तरफ से उठाए गए कदम में फर्क है। सनाउल्लाह के हमले में हुकुमत का कोई हाथ नहीं है और हमला होते ही उसे फौरन दवाखाना पहुंचाया गया।

बेहतर इलाज़ के लिए उसे चंडीगढ़ पीजीआइ शिफ्ट किया गया। वहीं पाकिस्तान में हुकूमत के उकसाने पर सरबजीत पर हमला किया गया और उसके बाद कोई कार्रवाई नहीं की गई।

TOPPOPULARRECENT