फ़ौज और आई ऐस आई पर वोज़ारत-ए-दिफ़ा का कंट्रोल नहीं

फ़ौज और आई ऐस आई पर वोज़ारत-ए-दिफ़ा का कंट्रोल नहीं

ईस्लामाबाद 23 दिसमबर ( पी टी आई ) पाकिस्तान की सिविल हुकूमत और ताक़तवर फ़ौज के माबैन मेमो गेट स्कैंडल पर जारी कशीदगी के पस-ए-मंज़र में वज़ारत-ए-दिफ़ा ने आज ये एतराफ़ किया है कि फ़ौज और जासूसी एजैंसी आई ऐस आई पर इस का कोई कंट्रोल नहीं ।

ईस्लामाबाद 23 दिसमबर ( पी टी आई ) पाकिस्तान की सिविल हुकूमत और ताक़तवर फ़ौज के माबैन मेमो गेट स्कैंडल पर जारी कशीदगी के पस-ए-मंज़र में वज़ारत-ए-दिफ़ा ने आज ये एतराफ़ किया है कि फ़ौज और जासूसी एजैंसी आई ऐस आई पर इस का कोई कंट्रोल नहीं । वज़ारत-ए-दिफ़ा ने इस मुक़द्दमा के सिलसिले में आज सुप्रीम कोर्ट में दायर करदा हलफनामे में अपना मौक़िफ़ वाज़िह किया।

वज़ीर-ए-दिफ़ा की जानिब से तहरीरीजवाब सुप्रीम कोर्ट में दाख़िल करदिया गया है जिस में ये एतराफ़ किया गया है कि फ़ौज और आई ऐस आई के ऑप्रेशनज़ पर हुकूमत का कोई कंट्रोल नहीं है हुकूमत फ़ौज और आई ऐस आई के सिर्फ इंतिज़ामी मुआमलात को देखती है। तहरीरी जवाब में मज़ीद कहा गया है कि हुकूमत फ़ौज की जानिब से कोई वज़ाहत या जवाब देने की पोज़ीशन में नहीं।

फ़ौज और आई ऐस आई के बारे में ब्यानात पर मंसूर एजाज़ और अमरीका में साबिक़पाकिस्तानी सफ़ीर हुसैन हक़्क़ानी से जवाबतलबी ना की जाई। ख़ानगी टी वी के मुताबिक़ आई ऐस आई के सरबराह अहमद शुजाअ पाशा ने भी सुप्रीम कोर्ट में अपना हलफ़िया ब्यानदाख़िल करा दिया है ।इस ब्यान में आई ऐस आई सरबराह ने एक बार फिर अपने मौक़िफ़को दुहराया कि इन की मंसूर एजाज़ से होने वाली मुलाक़ात में हुसैन हक़्क़ानी के मेमो लिखने के बारे में ठोस शवाहिद मिले हैं।

वाज़िह रहे कि मेमो केस में सुप्रीम कोर्ट आफ़पाकिस्तान ने वज़ारत-ए-दिफ़ा से इल्ज़ामात के बारे में हुकूमती मौक़िफ़ मांगा था।वज़ारत-ए-दिफ़ा ने हलफ़िया ब्यान में वाज़िह तौर पर कहा है कि मेमो गेट मसले पर फ़ौज और आई ऐस आई के इख़तियार करदा मौक़िफ़ की वो ताईद या फिर तरदीद नहीं करसकती ।वज़ारत के इख़तियार करदा इस मौक़िफ़ से सिविल हुकूमत और फ़ौज के माबैन इख़तिलाफ़ात बढ़ जाने के अंदेशे पैदा होगए हैं ।

पी ऐम ईल ( एन ) सरबराह नवाज़ शरीफ़ने स्कैंडल के पस-ए-मंज़र में मौजूदा हुकूमत से अस्तीफ़ा का मुतालिबा किया है । उन्हों ने कहाकि मेमो स्कैंडल की मॶसर अदालती तहक़ीक़ात होनी चाहीए ।

Top Stories