बुलंदशहर हिंसा: इंस्पेक्टर को गोली मारने के आरोपी फौजी ने पुछताछ में बवाल में शामिल होने की बात मानी!

बुलंदशहर हिंसा: इंस्पेक्टर को गोली मारने के आरोपी फौजी ने पुछताछ में बवाल में शामिल होने की बात मानी!

बुलंदशहर में पिछले हफ्ते हुई हिंसा के मामले में एसटीएफ को बड़ी सफलता मिली है। पिछले दो दिन तक आर्मी की गिरफ्त में रहा मुख्‍य आरोपी जितेंद्र मलिक (जीतू) उर्फ फौजी को आर्मी ने यूपी STF के किया हवाले कर दिया है। शनिवार रात करीब 12.30 बजे मेरठ में सेना ने जीतू को एसटीएफ के हवाले किया।

इस दौरान जीतू को मेरठ एसटीएफ कार्यालय ले जाया गया। पूछताछ में जीतू ने भीड़ का हिस्‍सा होने की बात कबूली है, लेकिन इंस्‍पेक्‍टर की हत्‍या की बात से जीतू ने इंकार किया है। फिलहाल जीतू को आगे की पूछताछ के लिए स्‍याना पुलिस स्‍टेशन लाया गया है। बुलंदशहर हिंसा मामले में जीतू का नाम भी एफआईआर में दर्ज है।

बता दें कि सेना द्वारा हिरासत मिल लिए जाने के बाद शनिवार को सेनाध्‍यक्ष बिपिन रावत ने भी बुलंदशहर हिंसा की जांच में सहयोग की बात कही थी। जिसके बाद देर रात सेना ने मेरठ में जीतू को एसटीएफ के हवाले कर दिया।

जीतू को पहले मेरठ एसटीएफ कार्यालय ले जाया गया। यहां बुलंदशहर के डिप्टी एसपी राघवेंद्र मिश्रा ने जीतू से पूछताछ की। एसटीएफ के एसएसपी अभिषेक सिंह पूछताछ के लिए पहुंचे। जीतू फौजी ने गोली चलाई या नहीं ये सब पूछताछ के बाद साफ़ होगा। अज जीतू को एसटीएफ कोर्ट में पेश करेगी।

STF की जांच के मुताबिक अभी तक इंस्पेक्टर सुबोध कुमार की निजी पिस्टल के बारे में जीतू फ़ौजी कुछ भी नही बता रहा है। STF के मुताबिक जीतू फौजी बुलंदशहर के स्याना में हुए दंगो और इंस्पेक्टर की मौत का सबसे बड़ा राजदार है। इस केस में सुबोध कुमार की सरकारी पिस्टल सबसे अहम सबूत है।जो कि अभी तक बरामद नही हो सकी है।

एसटीएफ के मुताबिक ये बजरंगदल के लोगों के साथ था जिसमें योगेश राज शामिल था। उसके साथ अपने गाँव महाव में पास के राजकुमार के खेत से गौ अवशेष ट्रॉली में लेकर चिंगरावठी चौकी गया था।

यहाँ तक इसका रोल साफ़ है कि बवाल में योगेश राज के साथ ये भी था, और भी कई लोग गिरफ्तार हो चुके है अब गोली इसी ने इंस्पेक्टर सुबोध को मारी उन्ही की पिस्टल छीन कर ये एसआईटी की जांच में साफ़ होगा।

अभी तक एसआईटी इसी थ्योरी पर काम कर रही है कि पहले इंस्पेक्टर सुबोध ने आत्मरक्षा में अपनी पिस्टल से सुमित को गोली मारी फिर भीड़ में से किसी ने सुबोध की पिस्टल छीन कर उसे गोली मार दी जिसका शक फौजी जीतू पर है। परिवार के मुताबिक 20 दिन की छुट्टी पर आया था फौजी जीतू और बवाल के बाद उसी दिन शाम को वापस चला गया था।

साभार- ‘इंडिया टीवी न्यूज़ डॉट कॉम’

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