Monday , December 11 2017

मुसलमान, नरेंद्र मोदी से नफ़रत करते हैं, डरते नहीं: डी राजा

नरेंद्र मोदी से इस मुल्क के मुस्लमान ख़ौफ़ज़दा नहीं हैं बल्कि नफ़रत करते हैं क्युंकि नरेंद्र मोदी के हाथ हज़ारों बेक़सूर मुसलमानों के ख़ून से रंगे हुई हैं।

नरेंद्र मोदी से इस मुल्क के मुस्लमान ख़ौफ़ज़दा नहीं हैं बल्कि नफ़रत करते हैं क्युंकि नरेंद्र मोदी के हाथ हज़ारों बेक़सूर मुसलमानों के ख़ून से रंगे हुई हैं।

कमीयूनिसट पार्टी आफ़ इंडिया के क़ौमी सेक्रेटरी डी राजा ने एरकुंडा में पार्टी कारकुनों के मीटिंग से ख़िताब के दौरान ये बात कही।

उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी दस्तूर हिंद की सख़्ती के साथ मुख़ालिफ़त करनेवाली आर एस एस तंज़ीम के नज़रियात पर काम कररहे हैं जो मुलक को एक और तक़सीम के दहाने पर पहुंचा देगा। मिस्टर डी राजा ने कहा कि बी जे पी आर एस उसकी सियासी शाख़ है जिस को इक़तेदार में लाना गोया हिंदुस्तान को दुबारा तक़सीम करना होगा।

उन्होंने कहा कि हिंदुतवा के नाम पर मुल्क को बचाने का नारा लगाने वाले आर एस एस के प्रचारक अपने माज़ी को फ़रामोश करचुके हैं उन्होंने कहा कि हिंदुस्तान की आज़ादी में किसी भी किस्म का रोल आर एस एस ने कभी अदा नहीं किया जबकि आर एस एस का क़ियाम 1925 में अमल में आया मगर हिंदुस्तान आज़ाद होने के बाद हिंदुस्तान को अज़ीम जमहूरी मुल्क बनने में आर एस एस ने बड़ी रुकावटें खड़ी की।

उन्होंने कहा कि हिंदुतवा नज़रिया के साथ इस मुल्क को आर एस एस ने हिन्दू राष्ट्र बनाने की कई कोशिशें की मगर बाबासाहीब भीम रावा अंबेडकर और जंग-ए-आज़ादी के अलंबरदारों ने आर एस एस के नापाक मंसूबों को कभी कामयाब होने नहीं दिया और दस्तूर हिंद की तर्तीब के वक़्त इस के मुल्क के तमाम तबक़ात जिन में अक़लियतें और दुसरे पसमांदा तबक़ात शामिल हैं तमाम की तरक़्क़ी को यकसाँ मवाक़े फ़राहम करने का काम किया।

उन्होंने नरेंद्र मोदी की कामयाबी पर हिंदुस्तान भर में गुजरात मॉडल लागू करने के बी जे पी और आर एस एस के तमाम दावें को बेबुनियाद क़रार देते हुए कहा कि गुजरात मॉडल दरअसल तरक़्क़ी नहीं बल्कि अक़लियती तबक़ात के साथ गुजरात में पेश आए वाक़ियात हैं।

उन्होंने कहा कि गुजरात में जहां पर 2002 से पहले ईसाई मुबल्लग़ीन को ज़िंदा जलाने और नन की इस्मत रेज़ि के वाक़ियात पेश आए और 2002 में जिस तरह मुनज़्ज़म अंदाज़ में मुसलमानों की नसल कुशी की गई और मासूम बच्चों और औरतों को बी जे पी-ओ‍आर एस एस के दरिंदों ने अपना निशाना बनाया इसी तरह हिंदुस्तान भर में गुजरात के तजुर्बा को रोबामल लाने का वादा ही गुजरात मॉडल को हिंदुस्तान भर में पेश करने बी जे पी-ओ‍आर एस एस का दावा है।

उन्होंने कहा कि कमीयूनिसट पार्टी आफ़ इंडिया और दुसरे बाएं बाज़ू की जमातें ग़ैर बी जे पी और गैर कांग्रेसी हुकूमत को बरसर-ए-इक्तदार लाने की मंसूबा साज़ी कररहे हैं जिस का लोक सभा चुनाव के नताइज के बाद एलान किया जाएगा।

साबिक़ा रुकने पार्लियामेंट सय्यद अज़ीज़ पाशाह ने इस मौके पर ख़िताब करते हुए आसाम में पेश आए वाक़िये का हवाला दिया और कहा कि कांग्रेस की बरसर-ए-इक़तिदार रियासत में भी अक़लियतें खास्कर मुस्लिम अक़लियत ग़ैर महफ़ूज़ है।

उन्होंने कहा कि आसाम वाक़िये में बेक़सूर मुस्लिम अक़लियतों पर ढाए गए मज़ालिम के बाद कांग्रेस पार्टी पर से भी मुस्लिम अक़लियत का भरोसा ख़त्म होगया है। उन्होंने कहा कि आसाम की तरूण गोगोई हुकूमत को वाक़िये की ज़िम्मेदारी क़बूल करते हुए मुस्ताफ़ी होजाना चाहीए।

TOPPOPULARRECENT