Sunday , January 21 2018

मोदी को अमरीकी वीज़ा देर सवेर मिलेगा ही- राजनाथ

'अमरीका को अब मज़ीद कोई बहाने तराशने का मौक़ा नहीं मिलेगा सिवाए इस के कि चीफ़ मिनिस्टर गुजरात नरेंद्र मोदी जैसे क़दआवर नेशनल लीडर को जल्द या देर से वीज़ा अता कर दिया जाये।' सदर बी जे पी राजनाथ सिंह ने आज ये बात कही।

‘अमरीका को अब मज़ीद कोई बहाने तराशने का मौक़ा नहीं मिलेगा सिवाए इस के कि चीफ़ मिनिस्टर गुजरात नरेंद्र मोदी जैसे क़दआवर नेशनल लीडर को जल्द या देर से वीज़ा अता कर दिया जाये।’ सदर बी जे पी राजनाथ सिंह ने आज ये बात कही।

बी जे पी के समुंद्र पार दोस्तों की जानिब से यहाँ एक तक़रीब से ख़िताब करते हुए राजनाथ ने मोदी की सताइश करते हुए उन्हें क़ौमी कशिश का हामिल लीडर क़रार दिया और कहा कि अमरीका को जल्द या देर से उन्हें वीज़ा जारी करना ही पड़ेगा।

उन्होंने कहा कि एक ना एक रोज़ उन्हें ये काम करना पड़ेगा, अगर वो अभी ऐसा कर देते हैं तो ये बेहतर होगा। ये तक़रीब टी वी एशिया आडीटोरियम में मुनाक़िद की गई और इस का लाईव टेलीकास्ट किया गया। राजनाथ जो पाँच रोज़ा अमरीकी दौरे पर हैं, उन्होंने कहा कि वो वाशिंगटन में अमरीकी क़ानूनसाज़ों के साथ मुलाक़ात में ये मसला उठाईंगे और उन्हें तवक़्क़ो है कि अमरीका मोदी के वीज़ा इमतिना को अनक़रीब मंसूख़ करदेगा।

राजनाथ सिंह ने कहा कि चीफ़ मिनिस्टर गुजरात मेरी तरफ़ से तारीफ़ के मुहताज नहीं, सारी दुनिया ने मोदी की कारकर्दगी की तारीफ़ की है, अमरीका की एक एजेंसी के रिसर्च पेपर ने भी चीफ़ मिनिस्टर मोदी की हुक्मरानी और कारहाए नुमायां(उपलब्धियां) को सराहा है, लेकिन हुकूमत वही शख़्स को वीज़ा देने से इनकार करती आई है। अमरीकी हुकूमत ने पहली बार मोदी को 2005 में इन इल्ज़ामात पर वीज़ा नहीं दिया कि उन की हुकूमत ने 2002 के गोधरा फ़सादाद को कंट्रोल करने के लिए कुछ नहीं किया। उन्होंने तब से वीज़ा के लिए दरख़ास्त नहीं दी है। अमरीकी मौक़िफ़ में सरकारी तौर पर यूं तो कोई तबदीली नहीं हुई है, लेकिन अमरीकी बिज़नेस गुजरात लीडर की पीठ थपथपाता रहा है। और ये मसला नज़म-ओ-नसक़ और क़ानून साज़ों में बहस का मौज़ू बन रहा है। तीन रिपब्लिकन क़ानूनसाज़ जिन्होंने मोदी से हाल ही में गुजरात में मुलाक़ात की उन्होंने वादा किया कि वो उन्हें वीज़ा दिलाने के लिए काम करेंगे। इन में से एक ने इस मुआमले को कांग्रेस की समाअत में उठाया भी है। राजनाथ ने जो अपने रिवायती सफ़ेद धोती कुर्ता और नेहरू जैकेट में मलबूस थे, कहा कि बी जे पी दीगर पार्टियों से बेहतर है। ये एक वीज़न की हामिल पार्टी है और 1951 में भारतीय जनसंघ की तशकील से ही इस वीज़न पर क़ायम है। उन्होंने कहा कि हिंदुस्तान के पास इंसानी और माद्दी दोनों नौईयत के वसाइल(संसाधन) हैं जो उसे तरक़्क़ी याफ़ता मुलक बना सकते हैं। उसे बस वीज़न का हामिल लीडर दरकार है, जो ठोस गिरफ़त के साथ क़ौम की क़ियादत करसके।

TOPPOPULARRECENT