Monday , December 11 2017

लखनऊ यूनिवर्सिटी के स्टूडेंट्स ने प्रोफेसरों के घरों में तोड़फोड़ की ,पुलिस से भी हुई झडप

लखनऊ – यूनिवर्सिटी के हॉस्टल के सामने मंगल के रोज़ शाम में पूर्व प्रोवोस्ट की अगुवाई में छात्राएं प्रदर्शन कर रही थीं। उनके हिमायती स्टूडेंट्स वीसी से उनके ऑफिस में बात करने गए थे। वे जब वापस कैलाश हॉस्टल पहुंचे तो पुलिस ने प्रॉक्टर और छात्राओं को अंदर भेजकर गेट बंद करवा दिया।

इसी बीच पूर्व प्रोवोस्ट शीला मिश्रा का भाई राजेश भी कैलाश हॉस्टल में घुसने लगा। पुलिस ने रोका तो उसने मारपीट शुरू कर दी। वहीं राजेश का कहना है कि पुलिस के बततमीजी करने पर छात्रों ने आपत्ति की तो पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। लाठीचार्ज से भड़के छात्रों ने पहले पुलिस व राहगीरों की गाड़ियां तोड़ीं। फिर कैम्पस में प्रोफेसर एसएन पांडेय, राजीव सरन, एसडी पांडेय, एसपी त्रिवेदी और दिनेश कुमार के आवासों में तोड़फोड़ की।

प्रोफेसर एसएन पांडेय की कार फूंक दी और घर में आग लगाने की कोशिश की। रात करीब 11 बजे पुलिस ने मोर्चा संभाला तो हालात काबू में आते दिखे। रात पौने दो बजे कुछ छात्रों ने फिर हंगामा शुरू कर दिया। सुभाष हॉस्टल की दीवार तोड़ने के बाद उन्होंने पुलिस पर पथराव कर दिया।

ND हॉस्टल से भी पथराव शुरू हो गया। आखिरकार वीसी के मदद मांगने पर कई थानों की पुलिस के अलावा पीएसी भी कैंपस में तैनात कर दी गई। देर रात उपद्रवियों के खिलाफ तहरीर लिखी जा रही थी। वीसी प्रो. निमसे का कहना है कि आज के एग्जाम पुलिस-पीएसी की निगरानी में करवाए जाएंगे।

एसएसपी राजेश पांडेय ने कहा कि‍ यूनि‍वर्सि‍टी प्रशासन ने देर रात पुलि‍स को तहरीर दी है। इस पर पुलि‍स कार्रवाई कर रही है। ये यूनि‍वर्सि‍टी प्रशासन का अंदरुनी मामला है। इसमें वीसी की सहमति‍ मि‍लने के बाद पुलि‍स एक्‍शन लेगी।

TOPPOPULARRECENT