Monday , December 18 2017

सदर जम्हूरीया की जानिब से 3 बार मुस्तरद

गांधी नगर इन्सिदाद-ए-दहशत गर्दी क़ानून गुजरात में मंज़ूर गुजरात का मुतनाज़ा इन्सिदाद-ए-दहशत गर्दी क़ानून जो 3 बार सदर जम्हूरीया की मंज़ूरी हासिल करने में नाकाम रहा, आज गुजरात की रियास्ती असेम्बली में मंज़ूर करलिया गया।

गांधी नगर

इन्सिदाद-ए-दहशत गर्दी क़ानून गुजरात में मंज़ूर

गुजरात का मुतनाज़ा इन्सिदाद-ए-दहशत गर्दी क़ानून जो 3 बार सदर जम्हूरीया की मंज़ूरी हासिल करने में नाकाम रहा, आज गुजरात की रियास्ती असेम्बली में मंज़ूर करलिया गया।

इस क़ानूनसाज़ी की दफ़आत को जूं का तूं बरक़रार रखते हुए जैसे कि फ़ौज को टेलीफ़ोन पर बातचीत टयाप करने के इख़्तियारात और बतौर शहादत अदालत में पेश करने की गुंजाइश बरक़रार रखते हुए क़ानून का नाम तबदील कर दिया गया है और उसे दहशतगर्दी और मुनज़्ज़म जराइम पर क़ाबू पाने के गुजरात क़ानून 2015 का नाम दिया गया है|

TOPPOPULARRECENT