Wednesday , June 20 2018

ख़ानगी टेलीफ़ोन ऐक्सचेंज पर राज्य सभा में बेहस-ओ-तकरार

कट्टर सियासी हरीफ़ ए आई ए डी एम के और डी एम के आज राज्य सभा में बेहस-ओ-तकरार में उलझ गए। बी एस एन एल को ख़सारा पर दोनों पार्टीयां एक दूसरे के मद्द-ए-मुक़ाबिल आ गईं।

कट्टर सियासी हरीफ़ ए आई ए डी एम के और डी एम के आज राज्य सभा में बेहस-ओ-तकरार में उलझ गए। बी एस एन एल को ख़सारा पर दोनों पार्टीयां एक दूसरे के मद्द-ए-मुक़ाबिल आ गईं।

एक साबिक़ वज़ीर-ए-मवासलात की जानिब से चेन्नई में वाक़्य उनकी रिहायश गाह में बनाए गए टेलीफ़ोन ऐक्सचेंज की वजह से बी एस एन एल को माली ख़सारा का सामना करना पड़ा था।

वकफ़ा-ए-सवालात के दौरान अन्ना डी एम के पार्टी के वे मीतरीन ने वज़ीर-ए-मवासलात रवी शंकर प्रसाद से सवाल किया कि मौसूफ़ साबिक़ वज़ीर की जानिब से बनवाए गए ऐक्सचेंज की वजह से बी एस एन एल को हुए नुक़्सान से बाख़बर हैं जिसे मुबय्यना तौर पर एक टी वी चैनल के लिए इस्तेमाल किया जा रहा है।

ख़ानगी टेलीफ़ोन ऐक्सचेंज क़ायम करने की वजह से बी ऐस एन एल को महसूल से महरूम कर दिया गया। क्या वज़ीर मौसूफ़ अपने हमरुतबा साबिक़ मिनिस्टर के इस कारनामे से वाक़िफ़ हैं? जिस पर मिस्टर प्रसाद के जवाब देने से क़ब्ल ही कानीमोड़ी की क़ियादत में डी एम के अरकान ने एतराज़ात शुरू करदिए।

सदर नशीन हामिद अंसारी ने मीतरीन से कहा कि वो शख़्सी इल्ज़ाम तराशी से गुरेज़ करें लेकिन मीतरीन सदर नशीन की कोई बात सुनने तैयार नहीं थे जिस पर एवान की कार्रवाई को 10 मिनट के लिए मुल्तवी कर दिया गया।

TOPPOPULARRECENT