31 मई तक पुरी हो असम में नागरिकों के राष्ट्रीय पंजीकरण- सुप्रीम कोर्ट

31 मई तक पुरी हो असम में नागरिकों के राष्ट्रीय पंजीकरण- सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने असम में नागरिकों के राष्ट्रीय पंजीकरण (एनआरसी) प्रकाशन की प्रक्रिया इस वर्ष 31 मई तक पूरी करने को कहा है। शीर्ष अदालत ने कहा है कि यह काम बिना किसी हस्तक्षेप के निर्बाध रूप से जारी रहना चाहिए। इस मुद्दे पर आगे की सुनवाई 27 मार्च को होगी।

जस्टिस रंजन गोगोई और जस्टिस आरएफ नरीमन की पीठ ने मंगलवार को इस काम में तेजी लाने को कहा। केंद्र और एनआरसी के राज्य समन्वयक की दलील सुनने के बाद पीठ ने यह टिप्पणी की।

सरकारी पक्ष ने कहा कि यह काम 31 मई की जगह 31 जुलाई तक पूरा हो सकेगा। असम में अवैध आव्रजकों की पहचान करने के लिए एनआरसी तैयार की जा रही है।

अटार्नी जनरल केके वेणुगोपाल ने पीठ से कहा कि राज्य समन्वयक ने मुहर बंद लिफाफे में स्थिति रिपोर्ट सौंपी है। उसके अनुसार, करीब एक करोड़ नागरिकों की जांच की जानी है। बुनियादी स्तर पर काम करने वालों के अनुसार यह काम 31 जुलाई तक संभव हो सकेगा।

पीठ ने राज्य समन्वयक प्रतीक हजेला से इस बारे में पूछा तो उन्होंने कहा कि घर-घर जाकर जांच प्रक्रिया 31 मई तक पूरी हो सकेगी। इसके बाद आगे के काम में 30 जून तक का समय लगेगा।

इसके जवाब में पीठ ने कहा कि आप इसमें तेजी लाएं। हम इसमें छूट नहीं देने जा रहे हैं। इसे 31 मई तक पूरा कर दें। इसमें एक दिन की भी देरी नहीं होनी चाहिए।

Top Stories