मुसलमानों की भलाई के लिए भाजपा में भी शामिल हो सकता हूँ, लोग मुझे एजेंट ही क्यों न कहें: मौलाना आमिर रशादी

मुसलमानों की भलाई के लिए भाजपा में भी शामिल हो सकता हूँ, लोग मुझे एजेंट ही क्यों न कहें: मौलाना आमिर रशादी
Click for full image

अहमदाबाद: गुजरात विधानसभा चुनावों से पहले राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। ऐसे में जहां भाजपा और कांग्रेस दोनों पर मुसलमानों के साथ भेदभाव करने का आरोप लगाया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर राष्ट्रीय उलेमा काउंसिल की ओर से एक प्रेस सम्मेलन का आयोजन करके कांग्रेस और भाजपा पर मुसलमानों को वोट बैंक के तौर पर इस्तेमाल करने का आरोप लगाया है।

Facebook पे हमारे पेज को लाइक करने के लिए क्लिक करिये

न्यूज़ नेटवर्क समूह प्रदेश 18 के मुताबिक़ राष्ट्रीय उलेमा काउंसिल के अध्यक्ष आमिर रशादी मदनी ने कहा कि गुजरात में मुसलमानों की जनसंख्या 10% होने के बावजूद मुसलमानों की कोई सुनवाई नहीं हो रही है। उन्होंने कांग्रेस पर हमला बोलते हुए कहा कि गुजरात में दलित समुदाय की मांगों को लेकर कांग्रेस परेशान है और जिग्नेश मेवानी से मुलाकात कर रही है, लेकिन मुसलमानों के मुद्दे को हल करने के लिए किसी भी तरह की पहल नहीं की जा रही है।

पत्रकारों के सवाल का जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि अगर हमारे कौम की भलाई भाजपा के साथ जुड़ने में है, तो राष्ट्रीय उलेमा काउन्सिल भाजपा में शामिल होने के लिए तैयार है। ऐसे में अगर कोई मुझे भाजपा का एजेंट बताता है, तो बताये, कोई फर्क नहीं पड़ता।

Top Stories