जम्मू-कश्मीर में आर्टिकल 370 और 35ए निष्क्रिय होने के बाद अब हालात धीरे-धीरे सामान्य होने लगे हैं। राज्य के पुंछ, राजौरी और किश्तवाड़ समेत कुछ जिलों में जहां मोबाइल सेवाएं बहाल कर दी गईं हैं, वहीं स्कूल-कॉलेज खुलने के बाद सड़कों पर भी चहल कदमी दिखाई देने लगी है।
ऐसे में सरकार हिरासत में लिए गए कुछ नेताओं को रिहा करने पर विचार कर रही है। हालांकि इन नेताओं को स्थानीय प्रशासन के मूल्यांकन के बाद ही चरणबद्ध तरीके से छोड़ा जाएगा। आपको बता दें कि गुरुवार को श्रीनगर के 111 थाना क्षेत्रों में से 96 में निषेधाज्ञा नहीं थी।
पत्रिका पर छपी खबर के अनुसार, जम्मू-कश्मीर में जैसे जैसे हालात सुधरते जाएंगे, वैसे-वैसे स्थानीय प्रशासन ने हिरासत में लिए गए नेताओं की रिहाई पर काम करना शुरू कर देगा।
हालांकि केंद्र सरकार की ओर से इन नेताओं से अभी कोई बातचीत नहीं की गई है। लेकिन माना जा रहा है कि स्थानीय प्रशासन ने इन नेताओं से संपर्क साध सकता है। खबर तो यहां तक है कि श्रीनगर प्रशासन जमीनी हालात के आधार पर अगले कुछ दिनों में नेताओं की रिहाई कर सकता है।