Monday , June 18 2018

फिलिस्तीनियों के खिलाफ इजरायल का अत्याचार : अहद तमीमी ने अंधेरी सेल में रात बिताई

Israeli lawyer Gaby Lasky (C-L) speaks with her client sixteen-years-old Ahed Tamimi (2R) before she stands for a hearing in the military court at Ofer military prison in the West Bank village of Betunia on January 1, 2018. Israeli authorities are seeking 12 charges against Ahed after a video of her slapping and kicking two Israeli soldiers in the West Bank went viral, her lawyer said. / AFP PHOTO / Ahmad GHARABLI

यरूशलेम। इजराइल की सैन्य अदालत द्वारा यहूदी फौजियों को थप्पड़ मारने वाली निहत्थी 16 वर्षीय फिलिस्तीनी लड़की अहद तमीमी ने अंधेरी सेल में रात बिताई। उसका फिलीस्तीनियों द्वारा एक नायक के रूप में स्वागत किया गया था। इज़राइल ने उसके परिवार पर आरोप लगाया कि उसको उकसा कर एक मोहरे के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है।

इज़राइली सैन्य अदालत के साथ दायर किए गए आरोप वीडियो में होने वाली घटनाओं से संबंधित हैं, लेकिन वह पांच अन्य घटनाओं के साथ ही पत्थर फेंकने, उकसाने और धमकी देने में भी शामिल हैं। यदि उसको दोषी ठहराया जाता है तो लंबी अवधि तक जेल की सजा का सामना कर सकती है। उनकी मां नरीमन के खिलाफ पांच आरोप दर्ज किए गए थे और रविवार को उनके चचेरे भाई नौर (20) को भी दोषी ठहराया गया था।

सेना ने एक बयान में कहा है कि नरीमन तमीमी के खिलाफ आरोपों में फेसबुक पर दूसरों को आतंकवादी हमलों के लिए प्रेरित करने और वीडियो वाली उस घटना में भाग लेना शामिल है। तमीमी और उसकी मां को कम से कम 8 जनवरी तक हिरासत में रखने का आदेश दिया गया है।

अभियोजन पक्ष यह अनुरोध कर रहा है कि मुकदमे के पूरा होने तक उन्हें हिरासत में रखा जाए। लास्की ने कहा कि उसके पास सभी आरोपों और सबूतों का अध्ययन करने के लिए समय नहीं था, इसलिए वह अभी नहीं कह सकते कि किशोरी जिसे एक नाबालिग के रूप में पेश किया जा रहा है, को कब तक हिरासत में रखा जायेगा। तमीम के पिता ने कहा है कि उन्हें डर है कि इस घटना के लिए उसको कैद में रखा जाएगा।
 

राइट समूह के अनुसार अहद तमीमी को उसके घर से आधी रात को गिरफ्तार किया गया था। उससे कथित तौर पर घंटों तक पूछताछ की गई और अपराधों को स्वीकार करने के लिए मजबूर किया गया। उसने खाना ठीक से नहीं खाया था। उसने अंधेरे कक्ष में रात बिताई। उल्लेखनीय है कि साल 2012 से हर साल इसराइल ने 700 से अधिक फिलीस्तीन नाबालिगों पर मुकदमा चलाया है।

TOPPOPULARRECENT