हिन्दू मुस्लिम विवाह- लड़की के पिता ने कहा , हमने प्रसाशन को सूचित किया था, फिर इतने लोग कैसे जमा हो गये

हिन्दू मुस्लिम विवाह- लड़की के पिता ने कहा , हमने प्रसाशन को सूचित किया था, फिर इतने लोग कैसे जमा हो गये

गाजियाबाद : लगभग दो साल पहले, जब उसकी 26 वर्षीय बेटी ने उसे अपने मुस्लिम दोस्त से शादी करने की अपनी योजना के बारे में बताया, तो गाजियाबाद स्थित एक व्यापारी इसके खिलाफ था। उन्होंने बताया कि देश में वर्तमान माहौल को ध्यान में रखते हुए, मेरी चिंता बच्चों की सुरक्षा के बारे में थी। इसी चिंताओं को देखते उनहोंने इस बारे में अपने परिवार के सदस्यों से साझा किया था। आखिरकार शुक्रवार की दोपहर को, गाजियाबाद में विशेष विवाह अधिनियम के तहत शादी हुई – दोनों परिवारों की सहमति से।

उन्हें कुछ समस्याओं की आशंका थी इसलिए वह व्यापारी ने इस बारे में जिला प्रशासन को सूचित किया था जिसमें सावधानियों की एक लिस्ट भी बनाई जिसमें निकाह या शादी नहीं करना शामिल था, लिस्ट में सीमित अतिथि लगभग 50 लोग शामिल हैं, यह सुनिश्चित किया गया कि शादी के रिसेप्शन में कोई भी किसी भी धार्मिक सिंबॉलिक पहनावा नहीं पहनता था. लेकिन सभी सुरक्षा उपायों के बावजूद इस अंतरधार्मिक विवाह पर वर और वधू पक्ष के लोगों को भाजपा समेत कई हिंदू संगठनों का विरोध झेलना पड़ा। इसे लेकर लेकर साढ़े पांच घंटे तक बवाल होता रहा। भाजपा, बजरंग दल समेत कई हिन्दू संगठनों के पदाधिकारियों ने सड़क जाम कर पथराव किया। कई घंटे तक चले हाईवोल्टेज ड्रामे के बीच पुलिस को लाठियां भांजनी पड़ी, तो प्रदर्शनकारी सड़क पर बैठ गए। उन्होंने पुलिस पर पथराव करके स्थिति तनावपूर्ण कर दी। एसएसपी एचएन सिंह के समझाने के बाद मामला शांत हुआ।

राजनगर के एक चार्टर्ड अकाउंटेट की डॉक्टर बेटी बंगलुरु में मेडिकल कोर्स में पीएचडी कर रही है। इससे पहले अलीगढ़ में पढ़ाई के दौरान उसकी मुलाकात वहीं के एक गैर समुदाय के युवक से हुई थी। दोनों अलीगढ़ विवि में साथ पढ़ते थे। युवक एमबीए पास है और नोएडा की एक मीडिया कंपनी में मार्केटिंग में नौकरी करता है। युवती के परिजनों ने बताया कि कानूनी प्रक्रिया के बाद दोनों ने कुछ दिनों पहले शादी की थी। स्पेशल मैरिज एक्ट के तहत शुक्रवार को उन्होंने अपनी शादी रजिस्टर्ड कराई। इसके बाद शुक्रवार को ही घर पर रिसेप्शन पार्टी रखी गई थी, जिसके लिए युवक का परिवार अलीगढ़ से आया था। इसकी भनक लगने के बाद हिंदू संगठन के लोग युवती के घर पहुंच गए और विरोध प्रदर्शन के साथ शादी रुकवाने के लिए हंगामा करने लगे।

दोपहर करीब 12 बजे से चला हंगामा शाम करीब साढ़े पांच बजे तक चलता रहा। इस दौरान पुलिस को दो बार लाठियां भांजनी पड़ी। शाम में एसएसपी एचएन सिंह के पहुंचने पर मामला शांत हुआ। एसएसपी द्वारा पूरे मामले की जांच के बाद कार्रवाई का भरोसा देने के बाद प्रदर्शनकारी शांत हुए।

लड़की के परिजनों का कहना है कि उनकी लड़के के परिवार से बीते कई वर्षों से पारिवारिक दोस्ती है। दोनों परिवार एक-दूसरे से भलीभांति परिचित हैं। लड़की ने डॉक्टरी की पढ़ाई कर रखी है। दोनों एक-दूसरे को अच्छी तरह जानते-समझते हैं। परिवार की राय के बाद ही लड़की ने अपने दोस्त से प्रेम विवाह किया है। एक सप्ताह पूर्व 15 दिसंबर को दोनों ने कोर्ट मैरिज की है। शुक्रवार को घर पर रिसेप्शन पार्टी की गई। इसमें अलीगढ़ से लड़का पक्ष के लोग आए थे। लड़की के एक चाचा ने कहा कि दोनों परिवारों में कोई मतभेद नहीं है। वही लड़की के पिता का कहना है की जब हम दोनों परिवार वाले खुश है तो in संगठनों को क्यों परेशानी है o

पॉश कॉलोनी राजनगर सेक्टर-13 में एएलटी सेंटर के सामने शुक्रवार को साढ़े पांच घंटे तक हाईवोल्टेज ड्रामा चलता रहा। पहले शिवसेना, बजरंग दल, हिन्दू रक्षा दल के पदाधिकारियों ने लड़की के घर से लेकर एएलटी सेंटर के सामने सड़क तक प्रदर्शन किया। करीब दो बजे भाजपा कार्यकर्ताओं के पहुंचने पर माहौल और गरमा गया। स्थिति तनावपूर्ण होने पर कविनगर समेत कई थानों की पुलिस वहां आ गई। हिन्दू संगठनों ने हापुड़ चुंगी से राजनगर एक्सटेंशन चौराहा के बीच कई बार सड़क पर प्रदर्शन किया। पुलिस लाठीचार्ज, प्रदर्शन, पुलिस पार्टी पर पथराव से कई बार स्थिति तनावपूर्ण हो गई। यातायात बाधित होने पर वाहनों को दूसरे मार्ग से निकाला गया।

बजरंग दल के प्रदेश संयोजक बलराज डूंगर और भाजपा महानगराध्यक्ष अजय शर्मा के नेतृत्व में पदाधिकारियों ने दोबारा हंगामा किया। तब पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों ने दोनों नेताओं की लड़की के पिता से बात कराई। पिता द्वारा सहमति से शादी की बात कहने के बाद भी हंगामा बंद नहीं हुआ। उन्होंने हापुड़ रोड जाम कर दिया। इससे हापुड़ चुंगी से एएलटी चौराहे तक यातायात जाम हो गया। प्रदर्शनकारियों के नहीं हटने पर पुलिस को एक बार फिर लाठी चार्ज करना पड़ा। एसएसपी एचएन सिंह के आने पर मामला शांत हुआ। उन्होंने अजय शर्मा से लाठी भांजने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। एसएसपी ने जांच कराने का भरोसा दिया।

लड़की के पिता का कहना है कि दोनों परिवारों की सहमति से शादी हुई है। शादी के दौरान न तो निकाह किया गया और न ही धर्म परिवर्तन जैसी कोई कोई बात हुई है। शादी स्पेशल मैरिज एक्ट के तहत रजिस्टर्ड हुई है। लड़की के पिता ने कहा कि उन पर इस शादी को लेकर किसी तरह का कोई दबाव नहीं था।

भाजपा के महानगर अध्यक्ष अजय शर्मा ने कहा कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वालों पर पुलिसकर्मियों ने ज्यादती की और लाठियां भांजी। इसमें कई कार्यकर्ता घायल हुए हैं। शर्मा ने एसएसपी से मांग की कि लाठीचार्ज करने वाले पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की जाए। एसएसपी ने जांच कर कार्रवाई का आश्वासन दिया है। ‘एसएसपी एचएन सिंह का कहना है कि पूरे मामले की मजिस्ट्रेट जांच कराई जाएगी। दोषियों के खिलाफ जांच बाद कार्रवाई होगी। साथ ही कानून तोड़ने वालों पर भी पुलिस ने जांच बाद कार्रवाई की बात कही है।

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