Tuesday , July 17 2018

पाकिस्तान- जैनब के दोषी को मौत की सजा, कोर्ट ने कहा बलात्कारी को 4 बार मौत की सजा मिलनी चाहिए

पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के कसूर शहर में हुए 7 साल की लड़की के बलात्कार एवं हत्या के बहुचर्चित मामले में एंटी टेररिस्ट कोर्ट ने दोषी इमरान अली (23) को मौत की सजा सुनाई है। घटना के सामने आने के महज डेढ़ महीने के भीतर लाहौर स्थित कोर्ट ने शनिवार को यह फैसला सुनाया। गौरतलब है कि इस घटना के विरोध पूरे पाकिस्तान में जबरदस्त विरोध-प्रदर्शन हुए थे।

कोर्ट ने इस मामले को बेहद संगीन माना और कहा कि बलात्कारी को चार बार मौत की सजा मिलनी चाहिए। फांसी की सजा के अलावा 25 साल जेल की सजा भी सुनाई गई है। साथ ही 10 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है।

5 जनवरी को लापता हुई थी जैनब
पांच जनवरी को जैनब नाम की लड़की कसूर में अपने घर के पास से ट्यूशन जाते वक्त लापता हो गयी थी। उसके माता पिता उमरा करने के लिए सऊदी अरब गए हुए थे और वह अपनी एक रिश्तेदार के साथ रह रही थी। अपहरण के बाद एक सीसीटीवी फुटेज में वह पीरोवाला रोड के पास एक अजनबी के साथ जाती दिखाई दी। इसके बाद नौ जनवरी को शाहबाज खान रोड के पास कचरे के एक ढेर से उसका शव बरामद किया। पोस्टमार्टम की रिपोर्ट में बलात्कार की पुष्टि हुई। पुलिस ने इस वारदात के बाद 1,000 से ज्यादा लोगों का डीएनए परीक्षण किया।

वारदात को अंजाम देने वाला व्यक्ति पीड़ित लड़की का पड़ोसी निकला था। उसके डीएनए का मिलान पीड़ित के शरीर पर मिले नमूने से हो गया था। 23 जनवरी को पुलिस ने आरोपी पड़ोसी इमरान अली को गिरफ्तार कर लिया था। इमरान सीरियल किलर है और उसने ही नाबालिग बच्ची का बलात्कार कर उसका कत्ल किया। इमरान जैनब के परिवार वालों से घुलामिला हुआ था और अक्सर उसके घर आता-जाता रहता था।

सुनवाई के दौरान इमरान के खिलाफ कुल 56 गवाह पेश किए गए। अभियोजन पक्ष कोर्ट में कहा कि फोरेंसिक रिपोर्ट और पोलिग्राफी टेस्ट से यह साबित होता है कि इमरान ने ही जैनब की रेप के बाद हत्या की है।

TOPPOPULARRECENT